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डेंगू में बकरी का दूध पीने से बढ़ती हैं प्लेटलेट्स? जानिए क्या है इस दावे की सच्चाई

August 20,2026 Fact Recorder

Health Desk:  बारिश के मौसम में डेंगू का खतरा बढ़ जाता है। डेंगू होने पर प्लेटलेट्स कम होना मरीजों और परिजनों के लिए चिंता का विषय बन जाता है। ऐसे में बकरी का दूध पीने से प्लेटलेट्स तेजी से बढ़ने की बात अक्सर कही जाती है। लेकिन क्या वाकई बकरी का दूध डेंगू के इलाज में मदद करता है और प्लेटलेट्स बढ़ाता है? आइए जानते हैं इस दावे की सच्चाई।

क्या डेंगू में फायदेमंद है बकरी का दूध?

आयुर्वेदिक डॉक्टर चंचल शर्मा के अनुसार, आयुर्वेद में बकरी के दूध को ‘छाग पय’ कहा गया है। इसे पौष्टिक और आसानी से पचने वाला माना जाता है। बकरी के दूध में प्रोटीन, कैल्शियम, मैग्नीशियम, फॉस्फोरस और अन्य पोषक तत्व पाए जाते हैं, जो शरीर को ऊर्जा और पोषण देने में मदद कर सकते हैं।

हालांकि, डेंगू के दौरान बकरी का दूध पीने से प्लेटलेट्स तेजी से बढ़ते हैं, इसका कोई ठोस वैज्ञानिक प्रमाण उपलब्ध नहीं है।

प्लेटलेट्स बढ़ाने में कितनी मदद करता है?

डेंगू में प्लेटलेट्स कम होना बीमारी का एक सामान्य प्रभाव हो सकता है। लेकिन उपलब्ध वैज्ञानिक प्रमाण यह साबित नहीं करते कि बकरी का दूध सीधे प्लेटलेट काउंट बढ़ाता है। इसलिए इसे डेंगू में प्लेटलेट्स बढ़ाने वाली दवा या इलाज समझना सही नहीं है।

बकरी का दूध पौष्टिक जरूर हो सकता है, लेकिन डेंगू के इलाज में डॉक्टर की सलाह, पर्याप्त तरल पदार्थ और मरीज की स्थिति के अनुसार उचित चिकित्सा देखभाल सबसे जरूरी है।

बकरी के दूध के क्या फायदे हैं?

बकरी के दूध को आमतौर पर आसानी से पचने वाला दूध माना जाता है। इसमें मौजूद पोषक तत्व शरीर को ऊर्जा और पोषण देने में मदद कर सकते हैं। इसमें कैल्शियम, मैग्नीशियम और फॉस्फोरस जैसे खनिज भी पाए जाते हैं, जो हड्डियों के लिए महत्वपूर्ण हैं।

हालांकि, इन पोषक गुणों का मतलब यह नहीं है कि बकरी का दूध डेंगू या उससे जुड़ी प्लेटलेट्स की कमी का इलाज कर सकता है।

कच्चा बकरी का दूध पीने से बचें

विशेषज्ञों के अनुसार, कच्चा या बिना पाश्चराइज्ड किया हुआ बकरी का दूध संक्रमण का जोखिम बढ़ा सकता है। ऐसे दूध से ब्रुसेलोसिस जैसे गंभीर बैक्टीरियल संक्रमण का खतरा हो सकता है। इसलिए यदि बकरी का दूध लेना हो तो साफ-सफाई और उचित तरीके से संसाधित या पाश्चराइज्ड दूध को प्राथमिकता देना बेहतर है।

क्या है निष्कर्ष?

बकरी का दूध पोषक और आसानी से पचने वाला खाद्य पदार्थ हो सकता है, लेकिन डेंगू में प्लेटलेट्स तेजी से बढ़ाने के लिए इसे प्रमाणित उपचार नहीं माना जा सकता। डेंगू के मरीज को केवल घरेलू नुस्खों पर निर्भर रहने के बजाय डॉक्टर की सलाह के अनुसार इलाज कराना चाहिए।

डेंगू में प्लेटलेट्स को लेकर किसी भी दावे पर आंख मूंदकर भरोसा करने के बजाय वैज्ञानिक प्रमाण और चिकित्सकीय सलाह को प्राथमिकता देना जरूरी है।