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मेधावी विद्यार्थियों की मार्कशीट केवल अंकों का कागज नहीं, माता-पिता के त्याग और शिक्षकों के मार्गदर्शन का है जीवंत प्रमाण- शिक्षा मंत्री महीपाल ढांडा

10वीं और 12वीं की परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों के सम्मान समारोह में बोले शिक्षा मंत्री

असफल रहे छात्र निराश न हों, कमियों को पहचानकर दुगनी ताकत से उठ खड़े हों- श्री महीपाल ढांडा

राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) के तहत गांव के आखिरी छोर तक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाना सरकार का है लक्ष्य

चंडीगढ़, 26 मई 2026 Fact Recorder

Haryana Desk:  हरियाणा के शिक्षा मंत्री श्री महीपाल ढांडा ने कहा कि 10वीं और 12वीं की परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी विद्यार्थिय़ों की मार्कशीट केवल अंकों का एक कागज नहीं है। यह उनकी रातों की नींद, उनके माता-पिता के त्याग और शिक्षकों के निस्वार्थ मार्गदर्शन का जीवंत प्रमाण है।

 शिक्षा मंत्री आज पंचकूला के शिक्षा सदन में सरकारी स्कूलों के हरियाणा शिक्षा बोर्ड व सीबीएसई बोर्ड के 10वीं और 12वीं की परीक्षाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले मेधावी विद्यार्थियों के सम्मान में आयोजित समारोह में बतौर मुख्य अतिथि संबोधित कर रहे थे। इस समारोह में 22 विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। मंत्री ने परीक्षा में प्रथम, द्वितीय व तृतीय स्थान पाने वाले विद्यार्थियों को क्रमश 11 हजार, 8100 व 5100 रुपये से सम्मानित किया।

शानदार सफलता पर पूरे प्रदेश को है गर्व

समारोह में शिक्षा मंत्री ने कहा कि आज का दिन मेरे लिए केवल एक मंत्री के तौर पर नहीं, बल्कि एक अभिभावक के तौर पर बेहद गर्व और हर्ष का दिन है। आपकी इस शानदार सफलता पर पूरे हरियाणा को गर्व है। उन्होंने विद्यार्थियों की सफलता का एक बड़ा श्रेय उनके माता-पिता और गुरुजनों को देते हुए कहा कि जब बच्चे पढ़ाई के लिए जाग रहे थे, तब माता-पिता भी उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना के साथ जाग रहे थे।

हर बच्चे को मिलेगी आधुनिक शिक्षा

श्री महीपाल ढांडा ने सरकार के संकल्प को दोहराते हुए साफ किया कि वर्तमान सरकार का एकमात्र लक्ष्य हरियाणा के हर बच्चे को वैश्विक स्तर की आधुनिक और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करना है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) के तहत प्रदेश के शैक्षणिक इंफ्रास्ट्रक्चर को लगातार मजबूत किया जा रहा है ताकि गांव के आखिरी छोर पर रह रहे बच्चे को भी आगे बढ़ने के समान और बेहतर अवसर मिल सकें। हरियाणा के युवाओं में हुनर की कोई कमी नहीं है और सरकार का काम उनकी इसी ऊर्जा को सही दिशा देना है।

सफलता यात्रा का एक पड़ाव है, मंजिल नहीं

शिक्षा मंत्री ने कहा कि यह सफलता विद्यार्थिय़ों की यात्रा का एक पड़ाव है, अंतिम मंजिल नहीं। आगे की राह में चुनौतियां और बड़ी होंगी, लेकिन उन्हें पूरा विश्वास है कि छात्रों का यही जज्बा उन्हें हर मोर्चे पर विजयी बनाएगा। उन्होंने युवाओं का आह्वान किया कि वे अपनी शिक्षा का उपयोग केवल अपने करियर को ऊंचाइयों पर ले जाने के लिए ही न करें, बल्कि इसका उपयोग समाज और राष्ट्र के निर्माण में भी करें, क्योंकि देश और प्रदेश को उनसे बहुत उम्मीदें हैं।

कम अंक लाने वाले विद्यार्थी निराश न हों

शिक्षा मंत्री ने कहा कि उम्मीद के मुताबिक अंक न ला पाने वाले विद्यार्थियों को निराश होने की बिल्कुल जरूरत नहीं है। परीक्षा के अंक आपकी पूरी जिंदगी का फैसला नहीं कर सकते। असफलता केवल यह बताती है कि सफलता का प्रयास पूरे मन से नहीं हुआ। उन्होंने छात्रों को सीख दी कि वे अपनी कमियों को पहचानें और दुगनी ताकत से दोबारा उठ खड़े हों, आने वाला समय निश्चित रूप से उनका होगा। उन्होंने सभी मेधावी छात्रों को निरंतर आगे बढ़ने और वीर राज्य हरियाणा का नाम रोशन करने की शुभकामना दी।

इस अवसर पर हरियाणा स्कूल शिक्षा विभाग के प्रधान सचिव श्री विजय सिंह दहिया, माध्यमिक शिक्षा के निदेशक श्री जितेंद्र दहिया, डायरेक्टर श्री मनिता मलिक, स्टेट प्रोजेक्ट डायरेक्टर हरियाणा स्कूल, शिक्षा परियोजना परिषद श्री स्वपनिल रवींद्र पाटिल व अन्य अधिकारी मौजूद रहे।