डिग्री के साथ स्मार्ट स्किल्स भी जरूरी, तभी बढ़ेंगे नौकरी के अवसर

07 मार्च 2026 फैक्ट रिकॉर्डर

Education Desk:  डिजिटल युग में केवल डिग्री के भरोसे नौकरी पाना अब आसान नहीं रह गया है। बदलती तकनीक और प्रतिस्पर्धा के दौर में युवाओं के लिए तकनीकी और व्यावहारिक कौशल सीखना बेहद जरूरी हो गया है। करियर काउंसलर Dr. Chandrashekhar Shrimali का कहना है कि आज कंपनियां केवल डिग्री नहीं बल्कि उम्मीदवार की स्किल्स और उसकी काम करने की क्षमता को ज्यादा महत्व देती हैं।

उनके अनुसार तकनीक अब केवल सुविधा का माध्यम नहीं रही, बल्कि कॅरिअर और जीवन की मजबूत नींव बन चुकी है। शिक्षा, व्यापार, सरकारी सेवाएं और रोजगार—हर क्षेत्र में डिजिटल तकनीक की भूमिका तेजी से बढ़ रही है। ऐसे में युवाओं को पढ़ाई के साथ-साथ नई तकनीकों की समझ भी विकसित करनी चाहिए।

विशेषज्ञों का मानना है कि आज के समय में कुछ तकनीकी कौशल बेहद उपयोगी साबित हो रहे हैं। इनमें कंप्यूटर और इंटरनेट का प्रभावी उपयोग, ऑनलाइन रिसर्च, डाटा एनालिसिस, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मशीन लर्निंग की आधारभूत जानकारी, साइबर सुरक्षा, क्लाउड कंप्यूटिंग और डिजिटल मार्केटिंग जैसी स्किल्स शामिल हैं। इन कौशलों को सीखकर युवा अपने कॅरिअर के अवसरों को काफी बढ़ा सकते हैं।

इसके अलावा छात्र पढ़ाई के साथ-साथ ऑनलाइन माइक्रो-कोर्स और सर्टिफिकेट कोर्स भी कर सकते हैं। हर सप्ताह कुछ समय निकालकर नया कौशल सीखना उन्हें भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करता है। इंटर्नशिप और वर्क-फ्रॉम-होम प्रोजेक्ट्स के माध्यम से भी युवा पढ़ाई पूरी होने से पहले ही नौकरी के लिए जरूरी अनुभव हासिल कर सकते हैं।

विशेषज्ञों के मुताबिक डिग्री जहां किसी विषय का सैद्धांतिक ज्ञान देती है, वहीं तकनीकी स्किल्स व्यक्ति को उद्योग की वास्तविक जरूरतों के अनुसार काम करने के लिए तैयार करती हैं। यही वजह है कि आज के समय में स्मार्ट पढ़ाई के साथ-साथ स्मार्ट स्किल्स सीखना भी सफलता की कुंजी बन गया है।