06 मार्च 2026 फैक्ट रिकॉर्डर
Education Desk: Staff Selection Commission (SSC) ने भर्ती प्रक्रिया को ज्यादा पारदर्शी और प्रभावी बनाने के लिए Seat Fix–Float System लागू करने का फैसला किया है। यह नया नियम 2026 से SSC की बड़ी परीक्षाओं में लागू किया जाएगा।
क्या है Fix–Float सिस्टम?
नई व्यवस्था में उम्मीदवारों को दो विकल्प दिए जाएंगे:
1. Fix विकल्प
अगर उम्मीदवार Fix चुनता है, तो जो पोस्ट उसे मिलेगी वही अंतिम (Final) मानी जाएगी।
बाद में उसे बेहतर पोस्ट के लिए मौका नहीं मिलेगा।
2. Float विकल्प
अगर उम्मीदवार Float चुनता है, तो उसे आगे स्लाइडिंग राउंड में बेहतर पोस्ट मिलने का मौका मिल सकता है।
यह मेरिट और उम्मीदवार की प्राथमिकता (Preference) पर निर्भर करेगा।
कैसे काम करेगा Sliding Mechanism?
पहले चरण में सभी उम्मीदवारों को प्रारंभिक पोस्ट अलॉटमेंट मिलेगा।
अगर कुछ उम्मीदवार नौकरी जॉइन नहीं करते और सीट खाली रह जाती है।
तब एक Sliding Round होगा।
इसमें Float विकल्प चुनने वाले उम्मीदवारों को बेहतर पद पर अपग्रेड किया जा सकता है।
इसके बाद फाइनल रिजल्ट जारी होगा।
यह नियम क्यों लाया गया?
SSC की परीक्षाओं जैसे
SSC Combined Graduate Level Examination (CGL)
में हर साल 30–50 लाख तक आवेदन आते हैं।
लेकिन चयनित उम्मीदवारों में से 20–30% लोग नौकरी जॉइन नहीं करते, जिससे कई पद खाली रह जाते हैं।
नई व्यवस्था से ये खाली पद दूसरे योग्य उम्मीदवारों को दिए जा सकेंगे।
उम्मीदवारों को क्या फायदा होगा?
✔ बेहतर पोस्ट मिलने का एक और मौका
✔ खाली पदों की संख्या कम होगी
✔ भर्ती प्रक्रिया तेज और पारदर्शी होगी
✔ मेरिट के आधार पर अधिक उम्मीदवारों को मौका मिलेगा
✅ सरल शब्दों में:अब SSC में सीट मिलने के बाद भी अगर आपने Float चुना है, तो आपको बाद में और बेहतर पोस्ट मिल सकती है।













