मंडी, 25 जून 2026 Fact Recorder
National Desk : अतिरिक्त उपायुक्त गुरसिमर सिंह की अध्यक्षता में आज यहां जिला स्तरीय निगरानी समिति द्वारा प्राकृतिक खेती मिशन 2026-27 की कार्य योजना को पारित किया गया। इस मिशन के तहत इस वर्ष जिला मंडी में 20 क्लस्टर बनाए जाएंगे और लगभग 2500 किसानों की 1000 हेक्टेयर भूमि को प्राकृतिक खेती से जोड़ा जाएगा।
समिति की बैठक में बताया गया कि वDistrict Level Monitoring Committee Meeting on Natural Farmingर्ष 2025-26 में मंडी जिला में 50 क्लस्टर के माध्यम से 8214 किसानों के 2500 हैक्टेयर क्षेत्र प्राकृतिक खेती से जोड़ा गया था। उन्होंने बताया कि किसानों को प्राकृतिक खेती करने के लिए लगभग 3.50 करोड़ रुपए की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। इन क्लस्टरों में 13 जैव आदान संसाधन केन्द्र भी खोले जाएंगे, जहां से किसान प्राकृतिक खेती में प्रयोग होने वाले घटक ले सकते हैं। इन क्लस्टरों के तहत आने वाले किसानों को प्राकृतिक खेती से जोड़ने के लिए वृहद स्तर पर जागरूकता अभियान भी चलाया जाएगा।
अतिरिक्त उपायुक्त ने आत्मा परियोजना के अधिकारियों को अधिक से अधिक किसानों को प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए प्रोत्साहित करने को कहा ताकि लोगों को यूरिया मुक्त खाद्य सामग्री आसानी से उपलब्ध हो सके। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा हाल ही में डिपुओं के माध्यम से प्राकृतिक खेती विधि से उगाई गई मक्की के आटे की लॉन्चिंग की गई थी। उन्होंने जिला व जिले से बाहर दूसरे राज्यों के शहरी क्षेत्रों में भी इस तरह के उत्पादों को बेचने या ऑनलाइन बिक्री की संभावनाएं तलाशने पर बल दिया। उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्रों में प्राकृतिक विधि से उगाए गए उत्पादों की अधिक मांग रहती है।
बैठक में कृषि विभाग के आत्मा परियोजना निदेशक डॉ. राकेश पटियाल, जिला ग्रामीण विकास अधिकारी गोपी चन्द पाठक, सहित सम्बन्धित वि











