August 18,2026 Fact Recorder
Rashifal Desk: 18 अगस्त 2026 को सावन महीने के शुक्ल पक्ष की षष्ठी तिथि शाम 5:50 बजे तक रहेगी, इसके बाद सप्तमी तिथि शुरू होगी। आज कल्कि जयंती भी मनाई जा रही है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, कल्कि भगवान विष्णु के दसवें और अंतिम अवतार माने जाते हैं, जो कलियुग के अंत में धर्म की स्थापना के लिए अवतरित होंगे।
आज का पंचांग
- तिथि: शुक्ल पक्ष षष्ठी शाम 5:50 बजे तक, इसके बाद सप्तमी
- योग: शुक्ल योग रात 3:23 बजे तक, इसके बाद ब्रह्म योग
- करण: तैतिल शाम 5:50 बजे तक, फिर गरज करण
- नक्षत्र: स्वाति, पूरी रात
- सूर्योदय: सुबह 5:52 बजे
- सूर्यास्त: शाम 6:58 बजे
- चंद्रोदय: सुबह 11:20 बजे
- चंद्रास्त: रात 10:07 बजे
सूर्य-चंद्रमा की स्थिति
सूर्य देव सिंह राशि में और चंद्र देव तुला राशि में स्थित रहेंगे।
शुभ मुहूर्त
- अभिजीत मुहूर्त: सुबह 11:59 बजे से दोपहर 12:51 बजे तक
- अमृत काल: रात 9:19 बजे से रात 11:02 बजे तक
अशुभ समय
- राहुकाल: दोपहर 3:41 बजे से शाम 5:19 बजे तक
- गुलिकाल: दोपहर 12:25 बजे से 2:03 बजे तक
- यमगण्ड: सुबह 9:08 बजे से 10:46 बजे तक
स्वाति नक्षत्र की विशेषताएं
आज चंद्रमा स्वाति नक्षत्र में रहेंगे। इस नक्षत्र के स्वामी राहु और राशि स्वामी शुक्र हैं। इसके देवता वायुदेव माने जाते हैं। स्वाति नक्षत्र स्वतंत्र सोच, बुद्धिमत्ता, कूटनीति, आत्म-नियंत्रण और शांतिप्रिय स्वभाव से जुड़ा माना जाता है।
कल्कि जयंती 2026
कल्कि जयंती के लिए पूजा का शुभ समय शाम 4:21 बजे से 5:50 बजे तक बताया गया है। षष्ठी तिथि 17 अगस्त शाम 5 बजे शुरू हुई थी और 18 अगस्त शाम 5:50 बजे समाप्त होगी।
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन भगवान विष्णु के कल्कि अवतार की पूजा-अर्चना की जाती है। भक्त मंदिरों में विशेष पूजा करते हैं और धर्म, सत्य तथा सदाचार की स्थापना की कामना करते हैं।













