Home Hindi IND vs ENG: वैभव सूर्यवंशी को मौका न मिलने पर भड़के रवि...

IND vs ENG: वैभव सूर्यवंशी को मौका न मिलने पर भड़के रवि शास्त्री, बोले- ‘बेंच नहीं, मैदान में होना चाहिए था’

2 July 2026 Fact Recorder

Sports Desk: भारत के पूर्व मुख्य कोच रवि शास्त्री ने युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को अब तक अंतरराष्ट्रीय डेब्यू का मौका नहीं मिलने पर टीम मैनेजमेंट के फैसले पर सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि आयरलैंड दौरे पर वैभव को प्लेइंग-11 में शामिल किया जाना चाहिए था, क्योंकि उनकी आक्रामक बल्लेबाजी विपक्षी गेंदबाजों पर भारी पड़ सकती थी।

महज 15 साल की उम्र में आईपीएल और अंडर-19 स्तर पर शानदार प्रदर्शन करने वाले वैभव को आयरलैंड और इंग्लैंड के खिलाफ टी20 सीरीज के लिए भारतीय टीम में शामिल किया गया, लेकिन अब तक उन्हें अंतिम एकादश में जगह नहीं मिली है। आयरलैंड के खिलाफ दोनों मुकाबलों में भारत को हार का सामना करना पड़ा, जबकि इंग्लैंड के खिलाफ पहला टी20 बारिश के कारण रद्द हो गया।

‘आयरलैंड में जरूर मिलना चाहिए था मौका’

पहला टी20 रद्द होने के बाद रवि शास्त्री ने कहा कि आयरलैंड की परिस्थितियां वैभव सूर्यवंशी जैसे आक्रामक बल्लेबाज के लिए बिल्कुल अनुकूल थीं। उनके मुताबिक वहां की धीमी पिच और छोटे मैदान पर वैभव विपक्षी गेंदबाजों पर दबाव बना सकते थे। उन्होंने कहा कि ऐसे खिलाड़ी को लगातार बाहर बैठाना समझ से परे है।

आईपीएल प्रदर्शन का दिया हवाला

शास्त्री ने वैभव के आईपीएल 2026 प्रदर्शन का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने टूर्नामेंट में लगभग हर बड़े तेज गेंदबाज के खिलाफ रन बनाए और 776 रन बनाकर सबसे ज्यादा रन बनाने वाले बल्लेबाज बने। ऐसे खिलाड़ी को मौका न देना टीम के लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है।

‘टीम इंडिया का एक्स-फैक्टर’

पूर्व भारतीय कोच ने वैभव को टीम इंडिया का ‘एक्स-फैक्टर’ करार देते हुए कहा कि उनकी सबसे बड़ी ताकत उनका निडर रवैया है। उनका मानना है कि यदि वैभव शुरुआती ओवरों में टिक जाते हैं तो टीम को तेज शुरुआत दिला सकते हैं, जिससे मध्यक्रम के बल्लेबाजों पर दबाव कम होगा।

अब दूसरे टी20 पर नजर

भारत और इंग्लैंड के बीच टी20 सीरीज का दूसरा मुकाबला 4 जुलाई को मैनचेस्टर में खेला जाएगा। अब सभी की नजर इस बात पर रहेगी कि कप्तान श्रेयस अय्यर और मुख्य कोच गौतम गंभीर युवा बल्लेबाज वैभव सूर्यवंशी को आखिरकार डेब्यू का मौका देते हैं या उनका इंतजार अभी और लंबा होता है।