19 फरवरी 2026 फैक्ट रिकॉर्डर
Haryana Desk: फतेहाबाद जिले में साइबर ठगी का एक बड़ा मामला सामने आया है, जहां महज 13 दिनों के भीतर एक महिला के बैंक खाते से 9 लाख 54 हजार रुपये निकाल लिए गए। चौंकाने वाली बात यह रही कि इतने बड़े पैमाने पर लेन-देन होने के बावजूद महिला को बैंक की ओर से कोई डेबिट मैसेज या अलर्ट नहीं मिला। यह मामला बैंकिंग सुरक्षा और अलर्ट सिस्टम पर गंभीर सवाल खड़े करता है।
मामला फतेहाबाद जिले के गांव झलनिया का है। पीड़िता कविता ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि उनका खाता बैंक ऑफ इंडिया की फतेहाबाद शाखा में है, जिसमें फसल बिक्री की राशि नियमित रूप से जमा होती रहती थी। 16 फरवरी 2026 को जब उन्होंने फोन-पे के जरिए बैलेंस चेक किया तो खाते में मात्र 52,520 रुपये शेष मिले, जबकि करीब 10 लाख रुपये होने चाहिए थे।
शक होने पर महिला ने बैंक जाकर खाता स्टेटमेंट निकलवाया। जांच में पता चला कि बीते 13 दिनों में अलग-अलग ट्रांजेक्शन के माध्यम से कुल 9.54 लाख रुपये निकाले जा चुके हैं। महिला का आरोप है कि इस दौरान उन्हें न तो कोई ओटीपी मिला और न ही डेबिट अलर्ट का संदेश।
घटना की जानकारी मिलते ही महिला ने फतेहाबाद साइबर पुलिस स्टेशन में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है और संबंधित बैंक खातों व ट्रांजेक्शन डिटेल्स खंगाली जा रही हैं। साइबर ठगों की पहचान के लिए तकनीकी टीम को भी लगाया गया है।
प्राथमिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि किसी तरह महिला के खाते की गोपनीय जानकारी साइबर अपराधियों तक पहुंची। यह भी जांच की जा रही है कि कहीं मोबाइल फोन हैक तो नहीं हुआ या किसी फर्जी लिंक/कॉल के जरिए बैंक डिटेल हासिल की गई।
साइबर पुलिस ने लोगों से अपील की है कि वे अपने बैंक खातों को मोबाइल नंबर से अपडेट रखें, एसएमएस अलर्ट सेवा सक्रिय रखें और किसी भी अनजान कॉल, लिंक या ओटीपी को साझा न करें। खाते से संदिग्ध लेन-देन होने पर तुरंत बैंक और साइबर हेल्पलाइन 1930 पर शिकायत दर्ज कराएं।













