बीएमडब्ल्यू से ड्रग्स तस्करी: पंजाब की युवती, चंडीगढ़ के युवक और तीन नाइजीरियन समेत पांच गिरफ्तार

27 जुलाई 2025 फैक्टर रिकॉर्डर

Chandigarh Desk: चंडीगढ़ क्राइम ब्रांच ने ट्राइसिटी में फैले एक बड़े ड्रग नेटवर्क का भंडाफोड़ करते हुए अलग-अलग मामलों में पंजाब की एक युवती, चंडीगढ़ के एक युवक और तीन नाइजीरियन नागरिकों समेत कुल पांच लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 50.88 ग्राम हेरोइन, 67 ग्राम आईस (सिंथेटिक ड्रग), 70 ग्राम कोकीन के अलावा एक बीएमडब्ल्यू और एक होंडा अकॉर्ड कार भी जब्त की है।

गिरफ्तार नाइजीरियन नागरिकों में से दो खरड़ और एक दिल्ली में रह रहे थे। पूछताछ में खुलासा हुआ है कि तीनों के वीजा की अवधि पहले ही समाप्त हो चुकी थी। इनमें दो मेडिकल वीजा और एक बिजनेस वीजा पर भारत आए थे, लेकिन बाद में नशा तस्करी के धंधे में शामिल हो गए। पुलिस ने चार आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है, जबकि एक नाइजीरियन अभी पुलिस रिमांड पर है।

दिल्ली से कोकीन-आईस, पंजाब से आती थी हेरोइन
एसपी क्राइम जसबीर सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि आरोपियों से पूछताछ में कई अहम जानकारियां सामने आई हैं। प्रारंभिक जांच से पता चला है कि गिरोह दिल्ली से कोकीन और आईस मंगवाता था, जबकि हेरोइन की सप्लाई पंजाब के सीमावर्ती इलाकों से होती थी। गिरोह का नेटवर्क कई राज्यों में फैला हुआ है और पुलिस इसकी गहराई से जांच कर रही है।

22 जुलाई को तीन नाइजीरियन तस्कर गिरफ्तार
क्राइम ब्रांच ने 22 जुलाई को नाइजीरियन नागरिक इमोरू डेमियन को खन्ना माजरा स्थित जीटीपीएल कॉम्प्लेक्स से 62.60 ग्राम आईस के साथ गिरफ्तार किया। इमोरू की निशानदेही पर उसके दो साथियों को भी पकड़ा गया—

ओकोए न्नामदी, जिसे दिल्ली से होंडा अकॉर्ड कार समेत पकड़ा गया। उसके पास से 35.80 ग्राम कोकीन और 5.73 ग्राम आईस मिली।

टूफे यूसुफ, जिसे खरड़ के अंबिका एनक्लेव से गिरफ्तार किया गया, उसके पास से 34.85 ग्राम कोकीन बरामद हुई।

बीएमडब्ल्यू में तस्करी कर रहे युवक-युवती रंगे हाथों गिरफ्तार
एक अन्य मामले में 19 जुलाई को एएसआई भूपिंदर सिंह और उनकी टीम को गश्त के दौरान एक बीएमडब्ल्यू कार संदेहास्पद लगी। जब कार सवारों ने रोकने के संकेत पर गाड़ी नहीं खोली, तो पुलिस ने शीशा तोड़कर उन्हें काबू किया। कार में चंडीगढ़ के सेक्टर-45 निवासी 31 वर्षीय शिवा ठाकुर और पंजाब के फतेहगढ़ साहिब की 29 वर्षीय जैसल बैंस सवार थे। तलाशी में दोनों के पास से 50.88 ग्राम हेरोइन बरामद हुई।

शिवा पहले भी दो मामलों में सजायाफ्ता, जेल से बाहर आते ही फिर शुरू किया तस्करी का धंधा
पुलिस जांच में पता चला कि आरोपी शिवा ठाकुर का आपराधिक रिकॉर्ड पहले से रहा है। वह NDPS एक्ट के तहत दो मामलों में सजा काट चुका है और एक मामले में उसे 15 साल, दूसरे में 10 साल की सजा हुई थी। उसने साढ़े पांच साल जेल में बिताने के बाद फिर से ड्रग तस्करी शुरू कर दी। इस बार उसकी पुरानी मित्र जैसल बैंस भी इस नेटवर्क में शामिल हो गई, जो उसे जेल में मिलने भी जाया करती थी।

पुलिस के अनुसार, दोनों बीएमडब्ल्यू में घूम-घूमकर ड्रग्स की सप्लाई करते थे, हालांकि दोनों खुद नशे के आदी नहीं हैं। इंस्पेक्टर सतविंदर सिंह ने बताया कि सभी आरोपी नशे की सप्लाई के लिए सक्रिय रूप से काम कर रहे थे और एक अंतरराष्ट्रीय ड्रग रैकेट से जुड़े होने की आशंका है।