18 अगस्त 2025 फैक्ट रिकॉर्डर
Bollywood Desk: भांगड़ा को दुनियाभर में दिलाई पहचान, जन्मदिन पर जानिए दलेर मेहंदी से जुड़े दिलचस्प किस्से मशहूर पॉप और भांगड़ा सिंगर दलेर मेहंदी आज यानी 18 अगस्त को अपना जन्मदिन मना रहे हैं। उनकी आवाज़ और गानों ने न सिर्फ भारत में बल्कि पूरी दुनिया में भांगड़ा और पंजाबी म्यूजिक को अलग पहचान दिलाई। ‘तुनक तुनक तुन’, ‘बोलो ता रा रा’ और ‘हो जाएगी बल्ले बल्ले’ जैसे गानों ने हर खुशी के मौके पर लोगों को झूमने पर मजबूर किया है।
नाम के पीछे छिपी दिलचस्प कहानी 18 अगस्त 1967 को बिहार के पटना में जन्मे दलेर मेहंदी का नाम बचपन में डाकू दलेर सिंह से प्रेरित होकर रखा गया था। बाद में मशहूर गायक परवेज मेहंदी से प्रभावित होकर उन्होंने अपना नाम बदलकर दलेर मेहंदी रख लिया।
सात पीढ़ियों से विरासत में मिला संगीत दलेर के परिवार में पिछले सात पीढ़ियों से संगीत का परंपरागत चलन रहा है। बचपन में ही उन्हें ‘राग’ और ‘शबद’ की शिक्षा मिल गई थी। 11 साल की उम्र में वे संगीत सीखने के लिए घर से भागकर गोरखपुर के उस्ताद राहत अली खान साहिब के पास पहुंच गए। केवल 13 साल की उम्र में उन्होंने जौनपुर में 20 हजार लोगों के सामने पहला स्टेज शो किया। शुरुआती दिनों में वे मात्र एक रुपया लेकर गाना सुनाया करते थे।
शिक्षा और संघर्ष दलेर मेहंदी ने पटना सिटी के संगीत सदन और मुकुट संगीत स्कूल से संगीत की शिक्षा ली। उनके पिता सरदार अजमेर सिंह चंदन शास्त्रीय संगीत में निपुण थे और तख्त श्री हरमंदिर साहिब में कीर्तन किया करते थे। यही परंपरा दलेर ने भी निभाई। पढ़ाई में वे केवल 6वीं–7वीं तक ही पढ़ पाए, लेकिन संगीत ने उन्हें शोहरत की बुलंदियों पर पहुंचा दिया।
निजी जीवन दलेर मेहंदी की दो शादियां हुईं। पहली पत्नी अमरजीत मेहंदी से उनके बेटे मंदीप मेहंदी और बेटी अजित मेहंदी हैं, जो खुद भी प्लेबैक सिंगर हैं। उनकी दूसरी शादी आर्किटेक्ट और सिंगर तरनप्रीत (निक्की मेहंदी) से हुई। दलेर मेहंदी मशहूर गायक मीका सिंह और शमशेर सिंह के भाई भी हैं।