07 अगस्त 2025 फैक्ट रिकॉर्डर
National Desk: धर्मांतरण गिरोह से जुड़े मानव त*स्करी और अं*ग व्यापार के खुलासे, जांच में जुटी पुलिस अब लेगी CBI की मदद धर्मांतरण गिरोह की जांच में एक बड़ा खुलासा हुआ है। पुलिस को अब तक यह मामला केवल अवैध धर्मांतरण से जुड़ा प्रतीत हो रहा था, लेकिन मास्टरमाइंड अब्दुल रहमान समेत अन्य आरोपियों से पूछताछ में इसके तार अंतरराष्ट्रीय मानव तस्करी और अंग व्यापार जैसे गंभीर अपराधों से भी जुड़ते नजर आ रहे हैं। इन चौंकाने वाली जानकारियों के बाद पुलिस अब जांच को सीबीआई को सौंपने की तैयारी कर रही है।
मानव त*स्करी और अं*गों की बिक्री की आशंका
पुलिस के मुताबिक, गिरोह कमजोर और मजदूर वर्ग के लोगों को झांसे में लेकर धर्मांतरण के लिए प्रेरित करता था। खासकर युवतियों को विदेश भेजने का झांसा देकर धर्म बदलवाया जाता था, लेकिन हकीकत में उन्हें मानव त*स्करी के जाल में फंसा दिया जाता था। पूछताछ में यह भी सामने आया है कि विदेशों में इन लड़कियों के शरीर के अं*गों की बोली लगाई जाती थी। हालांकि अब तक इस संबंध में कोई प्रत्यक्ष पीड़ित सामने नहीं आया है, लेकिन पुलिस संभावित पीड़ितों की तलाश में जुटी है।
गिरोह का नेटवर्क और मास्टरमाइंड
पूरे नेटवर्क की कमान कनाडा से सैयद दाऊद नाम का शख्स संभाल रहा था, जिसे गिरोह का अंतरराष्ट्रीय सरगना बताया जा रहा है। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस अब सीबीआई की मदद लेगी, ताकि विदेश में बैठे अपराधियों पर कानूनी शिकंजा कसा जा सके। सैयद दाऊद के खिलाफ गैर-जमानती वारंट भी जारी किए गए हैं।
लापता बच्चियों से खुली परतें
मार्च में सदर क्षेत्र से लापता हुई कारोबारी की दो बेटियां 18 जुलाई को कोलकाता के तपसिया इलाके में मिली थीं। इसके बाद 19 जुलाई को 6 राज्यों से 10 आरोपी पकड़े गए। दिल्ली से मास्टरमाइंड अब्दुल रहमान को भी गिरफ्तार किया गया। अब तक 15 से ज्यादा आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है, जिनमें उसके दो बेटे भी शामिल हैं।
1000 से अधिक का कराया गया धर्मांतरण
पुलिस आयुक्त दीपक कुमार के अनुसार, गिरोह ने अब तक 100 से 200 नहीं, बल्कि 1000 से अधिक युवक-युवतियों का धर्मांतरण कराया है। इनमें से कई लोग खुद सामने नहीं आ रहे, लेकिन जिनके परिवार या वे खुद पीड़ित हैं, उन्हें पुलिस गवाह बनाएगी ताकि अदालत में ठोस साक्ष्य पेश किए जा सकें।
पाकिस्तानी नंबर और अंतरराष्ट्रीय कनेक्शन
अब्दुल रहमान की कॉल डिटेल में 6 पाकिस्तानी नंबर भी मिले हैं। इन नंबरों के जरिए किससे बात की गई और उनका गिरोह से क्या संबंध है, इसकी जांच खुफिया एजेंसियों की मदद से की जा रही है।
कोर्ट में जमानत पर सुनवाई
गिरफ्तार किए गए आरोपियों में रहमान कुरैशी, अब्बू तालिब, आयशा उर्फ एसबी कृष्णा, अली हसन उर्फ शेखर, ओसामा, अब्दुल रहमान, उसके बेटे और अन्य के जमानत आवेदन पर सीजेएम कोर्ट में सुनवाई हुई। अभियोजन पक्ष ने सभी आवेदनों के सत्यापन की मांग की है।