22 दिसंबर, 2025 फैक्ट रिकॉर्डर
International Desk: नाटो के सदस्य देशों की खुफिया एजेंसियों ने दावा किया है कि रूस एक ऐसा नया हथियार विकसित कर रहा है, जिसकी मदद से वह एलन मस्क की कंपनी स्पेसएक्स की स्टारलिंक सैटेलाइट्स को निशाना बना सकता है। ये सैटेलाइट्स पृथ्वी की निचली कक्षा में तैनात हैं और यूक्रेन को युद्ध के दौरान संचार की अहम सुविधा उपलब्ध कराती हैं। ऐसे में यदि रूस इन्हें नुकसान पहुंचाने में सफल होता है, तो यूक्रेन की सैन्य और नागरिक संचार व्यवस्था पर गंभीर असर पड़ सकता है।
खुफिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, इस कथित हथियार के जरिए स्टारलिंक सैटेलाइट्स पर हजारों छर्रों से हमला किया जा सकता है, जिससे उनके अहम हिस्से क्षतिग्रस्त होकर काम करना बंद कर सकते हैं। हालांकि, कुछ अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञों ने इन दावों पर संदेह भी जताया है।
स्पेस सिक्योरिटी विशेषज्ञ विक्टोरिया सैमसन का कहना है कि उन्हें इस बात पर भरोसा नहीं है कि रूस ऐसा कोई हथियार बना रहा है, लेकिन यदि ऐसा होता है तो यह बेहद चिंताजनक होगा। वहीं, कनाडा की सेना के स्पेस डिविजन के कमांडर क्रिस्टोफर हॉर्नर मानते हैं कि रूस तकनीकी रूप से ऐसा कर सकता है, लेकिन इससे खुद रूस को भी नुकसान उठाना पड़ सकता है।
गौरतलब है कि रूस स्टारलिंक नेटवर्क को एक बड़ा खतरा मानता है, क्योंकि इसके जरिए यूक्रेन की सेना और आम नागरिकों को हाई-स्पीड इंटरनेट और सुरक्षित संचार सुविधा मिलती है। रूस की ओर से इन दावों पर फिलहाल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।













