10/April/2025 Fact Recorder
रेवाड़ी अनाजमंडी में बैठक करते हुए खाद-बीज विक्रेता।
हरियाणा के रेवाड़ी अनाजमंडी परिसर में वीरवार को खाद-बीज विक्रेताओं की बैठक हुई। बैठक में नए बीज एवं कीटनाशक अधिनियम को लेकर खाद-बीज विक्रेताओं ने चर्चा की। बैठक की अध्यक्षता जिला प्रधान राकेश बालधन ने की।
रेवाड़ी खाद-बीज विक्रेताओं एसोसिएशन के प्रधान राकेश बालधन ने बताया कि अब हड़ताल के साथ-साथ अनाजमंडी गेट पर धरना भी दिया जाएगा। जिसके लिए हर रोज दो ब्लॉक धरने पर बैठेंगे। चार दिन तक उनका धरना रहेगा, उसके बाद फिर से एक बार बैठक की जाएगी। जिसमें आगामी निर्णय लिए जाएंगे। वहीं 14 अप्रैल तक जिले का कोई खाद-बीज विक्रेता दुकान नहीं खोलेगा और किसी प्रकार खाद-बीज नहीं बेचेगा।
बीज-कीटनाशक अधिनियम में बदलाव
वहीं, डीलर को एक साल तक सजा और 50 हजार रुपए तक जुर्माने का प्रावधान किया गया है। दोबारा पकड़े जाने पर 2 साल तक कैद और 2 लाख रुपए तक जुर्माना होगा। पहले यह जुर्माना मात्र 500 रुपए था और दोबारा पकड़े जाने पर 6 महीने की जेल या एक हजार रुपए तक के जुर्माने का प्रावधान था। इस वजह से दोषी इसे ज्यादा गंभीरता से नहीं लेते थे। अब अब खाद, बीज एवं कीटनाशक सैंपल सब डिवीजन पाए जाते हैं तो नॉन बेलेबल वारंट होगा।
डीलर बोले: छह माह की जेल में गैर जमानती वारंट गलत
खाद बीज एसोसिएशन के प्रधान राकेश ने बताया कि बीज में किसी प्रकार की कोई खामियां होती है, तो वह प्रोड्यूसर का काम होता है। डीलर सिर्फ किसान और प्रोड्यूसर के बीच की कड़ी होता है। अब अगर ऐसे में किसी भी प्रकार की खामियां पाई जाती है, तो डीलर को दंड भुगतना पड़ेगा। वहीं छह माह की जेल की सजा के लिए भी गैर जमानती वारंट जारी करना न्यायसंगत नहीं है। वहीं कुछ और भी खामियां, जिसके खिलाफ वे लड़ रहे हैं।












