जनवरी में थोक महंगाई दर में राहत, दिसंबर 2024 के 2.37% से घटकर 2.31% पर पहुंचा आंकड़ा

14 Feb 2025: Fact Recorder

जनवरी में भारत का थोक मूल्य सूचकांक (WPI) दिसंबर 2024 के 2.37 प्रतिशत से घटकर 2.31 प्रतिशत हो गया। वाणिज्य व उद्योग मंत्रालय की ओर से शुक्रवार को इससे जुड़े आंकड़े जारी किए गए। मंत्रालय ने थोक महंगाई का कारण खाद्य वस्तुओं के निर्माण और खाद्य उत्पादों के निर्माण की कीमतों में इजाफे को दिया। कपड़ा निर्माण लागत में वृद्धि भी मुद्रास्फीति में वृद्धि का कारण हो सकती है।

जनवरी 2025 में WPI खाद्य सूचकांक बढ़कर 7.47 प्रतिशत हो गया, जबकि दिसंबर 2024 में यह 8.89 प्रतिशत था। इस बीच ईंधन की कीमतों में 2.78 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जबकि दिसंबर में 3.79 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई थी।