अमेरिका-ईरान तनाव पर पीएम मोदी का बड़ा बयान: ‘हर समस्या का समाधान सेना नहीं, कूटनीति जरूरी’

06 मार्च 2026 फैक्ट रिकॉर्डर

National Desk: Narendra Modi ने Alexander Stubb के साथ संयुक्त प्रेस कॉन्फ्रेंस में वैश्विक मुद्दों पर अपनी स्पष्ट राय रखी। उन्होंने कहा कि दुनिया में बढ़ते संघर्षों का समाधान केवल सैन्य कार्रवाई से संभव नहीं है, बल्कि इसके लिए संवाद और कूटनीति का रास्ता अपनाना जरूरी है। उनका यह बयान खास तौर पर US–Iran conflict को लेकर आया, जहां अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव पर दुनिया की नजरें टिकी हुई हैं।

प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत और Finland दोनों ही अंतरराष्ट्रीय विवादों के समाधान के लिए शांति और बातचीत को प्राथमिकता देते हैं। उन्होंने कहा कि चाहे Russia–Ukraine War हो या पश्चिमी एशिया की स्थिति, भारत हमेशा संघर्ष समाप्त करने और शांति बहाल करने के प्रयासों का समर्थन करता रहा है।

इस दौरान पीएम मोदी ने भारत-फिनलैंड सहयोग पर भी जोर दिया। उन्होंने बताया कि दोनों देश भविष्य की तकनीकों जैसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, 6G टेलीकॉम, क्लीन एनर्जी और क्वांटम कंप्यूटिंग के क्षेत्र में साझेदारी बढ़ा रहे हैं। साथ ही दोनों देशों के बीच माइग्रेशन एंड मोबिलिटी एग्रीमेंट पर भी सहमति बनी है, जिससे छात्रों और पेशेवरों को नए अवसर मिलेंगे।

प्रधानमंत्री ने कहा कि वैश्विक चुनौतियों से निपटने के लिए अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं में सुधार भी बेहद जरूरी है। भारत और फिनलैंड आतंकवाद के सभी रूपों को खत्म करने और नियम आधारित वैश्विक व्यवस्था को मजबूत करने के लिए मिलकर काम करने पर सहमत हैं।