04 अक्टूबर 2025 फैक्ट रिकॉर्डर
International Desk: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गाजा में शांति प्रयासों का नेतृत्व करने के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की सराहना की है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि “गाजा में शांति प्रयासों में हो रही निर्णायक प्रगति के बीच हम राष्ट्रपति ट्रंप के नेतृत्व का स्वागत करते हैं। बंधकों की रिहाई का संकेत एक अहम कदम है। भारत स्थायी और न्यायसंगत शांति की दिशा में हर प्रयास का समर्थन करेगा।”
गौरतलब है कि अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने गाजा संघर्ष विराम के लिए 20 सूत्रीय शांति प्रस्ताव तैयार किया था। इसे इस्राइल ने स्वीकार कर लिया और हमास ने भी बंधकों की रिहाई और गाजा की सत्ता अन्य फलस्तीनियों को सौंपने पर सहमति जताई। हालांकि प्रस्ताव के कुछ बिंदुओं पर हमास ने आगे चर्चा के बाद फैसला लेने की बात कही है।
ट्रंप ने हमास को रविवार शाम तक का अल्टीमेटम दिया था और चेतावनी दी थी कि अगर शांति प्रस्ताव स्वीकार नहीं किया गया तो उन्हें भारी कीमत चुकानी पड़ेगी। इसके बाद हमास ने 7 अक्तूबर 2023 को बंधक बनाए गए इस्राइली नागरिकों को रिहा करने पर सहमति दी। अब 72 घंटे में 48 बंधकों की रिहाई होनी है, जिनमें से करीब 20 की मौत हो चुकी है। इसके बदले इस्राइल गाजा पर हमले रोकने और सेना की चरणबद्ध वापसी के लिए तैयार हो गया है।
ट्रंप की शांति योजना के तहत गाजा को आतंक मुक्त क्षेत्र बनाना, पुनर्निर्माण व विकास कार्य शुरू करना, मानवीय सहायता भेजना, फलस्तीनी कैदियों की रिहाई, गाजा का प्रशासन तकनीकी विशेषज्ञों के हाथ में देना और अंतरराष्ट्रीय निगरानी सुनिश्चित करना जैसे बिंदु शामिल हैं। साथ ही गाजा के लिए आर्थिक पुनर्निर्माण योजना, विशेष आर्थिक क्षेत्र, अस्थायी सुरक्षा बलों की तैनाती और भविष्य में फलस्तीनी राज्य के गठन की संभावनाएं भी प्रस्ताव में रखी गई हैं।













