08 January 2026 Fact Recorder
National Desk: उत्तर प्रदेश बीजेपी के नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी जिम्मेदारी संभालते ही लगातार दौरे कर रहे हैं। इसी कड़ी में उनका वाराणसी दौरा पूरी तरह राजनीतिक संदेशों से भरा नजर आया। काशी पहुंचते ही जिस भव्य और सुनियोजित तरीके से उनका स्वागत किया गया, उसने साफ कर दिया कि बीजेपी इस दौरे को केवल औपचारिक नहीं, बल्कि एक रणनीतिक शक्ति प्रदर्शन के रूप में पेश करना चाहती है।
गाजीपुर बॉर्डर से वाराणसी में प्रवेश करते ही पंकज चौधरी का जगह-जगह फूलों, ढोल-नगाड़ों, शंखनाद और “हर-हर महादेव” के उद्घोष के साथ स्वागत किया गया। स्वागत कार्यक्रम इतना व्यापक था कि प्रदेश अध्यक्ष को सर्किट हाउस पहुंचने में रात 11 बजे तक का समय लग गया। कैथी में मार्कण्डेय महादेव के दर्शन के बाद करीब पांच घंटे तक पार्टी और सरकार के नेता उनके सम्मान में खड़े रहे।
इस दौरान बीजेपी के सभी विधायक, संगठन पदाधिकारी, मंडल अध्यक्ष ही नहीं, बल्कि सरकार में शामिल कई मंत्री भी स्वागत पंक्तियों में दिखाई दिए। दर्जनों स्वागत बिंदु बनाए गए थे, जहां किसी न किसी विधायक या मंत्री की अगुवाई में प्रदेश अध्यक्ष का अभिनंदन किया गया। माना जा रहा है कि किसी भी प्रदेश अध्यक्ष को वाराणसी में इससे पहले ऐसा सम्मान शायद ही मिला हो।
राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार इस दौरे का संदेश साफ था। जब पंकज चौधरी सनरूफ से कार्यकर्ताओं का अभिवादन कर रहे थे, उस समय उनके साथ काशी क्षेत्र के अध्यक्ष दिलीप पटेल और राज्यसभा सांसद व क्षेत्र प्रभारी अमरपाल मौर्या मौजूद थे। यह दृश्य बीजेपी के लव-कुश समीकरण यानी पटेल और मौर्या वोट बैंक पर फोकस को दर्शाता है।
दरअसल, पिछले लोकसभा चुनाव में बीजेपी को काशी क्षेत्र में बड़ा झटका लगा था, जहां 13 में से 10 सीटों पर हार का सामना करना पड़ा था। माना जाता है कि इस हार में पटेल वोट बैंक का पार्टी से दूरी बनाना एक अहम कारण रहा। इसी अनुभव से सबक लेते हुए बीजेपी अब पूर्वांचल में सामाजिक समीकरण साधने के साथ-साथ संगठन को फिर से मजबूत करने में जुट गई है।
पंकज चौधरी का यह दौरा कार्यकर्ताओं के लिए भी एक स्पष्ट संदेश लेकर आया—संगठन सरकार से कमतर नहीं है और आगामी चुनावों में असली जिम्मेदारी पार्टी संगठन की ही होगी। कड़ाके की ठंड और शीतलहर के बावजूद जिस उत्साह के साथ कार्यकर्ता सड़कों पर डटे रहे, उसने बीजेपी की जमीनी ताकत का प्रदर्शन किया।
फिलहाल पंकज चौधरी वाराणसी में ही हैं। बाबा विश्वनाथ और काल भैरव के दर्शन के बाद वह प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे और काशी क्षेत्र व जिला-महानगर संगठन के पदाधिकारियों, विधायकों और मंत्रियों के साथ बैठकें करेंगे। इसके बाद वह दोपहर में दिल्ली के लिए रवाना होंगे।












