Himachal SP-CID HPS Bhupinder Negi VIP culture should end Shimla | हिमाचल CID के SP चर्चा में: ऑफिस में लिखा- बिना परमिशन अंदर आओ, जगह देख बैठ जाओ; एक पोस्ट से हड़कंप मचा चुके – Shimla News

हिमाचल प्रदेश में CID के SP ने ऑफिस के बाहर निर्देश चिपकाया है। – फाइल फोटो

हिमाचल प्रदेश के पुलिस ऑफिसर क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन डिपार्टमेंट (CID) के SP भूपेंद्र नेगी ने लाल बत्ती कल्चर को खत्म करने की पहल की है। उन्होंने अपने ऑफिस के बाहर लिखा- ‘बिना पूछे आप कमरे में प्रवेश कर सकते हैं, अगर बैठने का स्थान खाली दिखता है तो बै

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मूल रूप से शिमला जिले के रामपुर बुशहर के रहने वाले हिमाचल पुलिस सेवा (HPS) अधिकारी का यह संदेश अब वायरल हो रहा है। सोशल मीडिया पर लोग उनकी प्रशंसा कर रहे हैं। भूपेंद्र नेगी की छवि पहले से ही दबंग, धाकड़ और आम जनता से जुड़ाव रखने वाले अधिकारी की है।

दबंग इसलिए, क्योंकि 2 सप्ताह पहले जब चीफ इंजीनियर विमल नेगी ने अफसरों के दबाव में आकर मौत को गले लगाया था, तब भूपेंद्र नेगी ने एक सोशल मीडिया पोस्ट से पुलिस महकमे में हड़कंप मचा दिया था। उन्होंने लिखा था, ‘हिमाचल पुलिस में भी एक ऐसा बहुत बड़ा अधिकारी है, जिसने बहुत ऑफिसरों को परेशान कर रखा है।’

ऑफिस के बाहर पुलिस अफसर ने यह निर्देश चिपकाया…

इसे लेकर अफसर ने 4 अहम बातें कहीं…

1. कोई भी आदमी बाहर खड़ा क्यों रहे ऑफिस के बाहर लिखे रोचक निर्देश को लेकर दैनिक भास्कर ने पुलिस अफसर भूपेंद्र नेगी से बात की। उन्होंने कहा- हम ह्यूमन बीइंग (मनुष्य) हैं। कोई आदमी दरवाजे पर खड़ा क्यों रहे? ऑफिस मेरा नहीं है, बल्कि आम जनता और कर्मचारियों का है। इसलिए आम जनता और कर्मचारी ऑफिस के बाहर इंतजार क्यों करें? क्यों पूछे कि आऊं या न आऊं? अंदर कुछ सीक्रेट काम तो नहीं है।

2. किसी को किसी के अपमान का अधिकार नहीं VIP कल्चर पर उन्होंने कहा- देश से VIP कल्चर खत्म होना चाहिए। सभी नागरिक एक समान हैं। किसी को भी दूसरे व्यक्ति और कर्मचारी के अपमान का अधिकार नहीं होना चाहिए। अधिकारी बनने का मतलब किसी को परेशान करना नहीं, बल्कि जनता की सेवा करना है।

3. प्रोटोकॉल से दूरियां बढ़ती हैं वहीं पुलिस अफसरों के प्रोटोकॉल पर भूपेंद्र नेगी ने कहा- मैं नहीं मानता की प्रोटोकॉल जरूरी है। इससे आम जनता और अफसर के बीच दूरियां बढ़ती हैं। हम जनता के सेवक हैं, इसलिए हमें जनता से दूरी बढ़ाने की नहीं, दूरियां कम करने की जरूरत है।

4. मुझसे मिलने के लिए परमिशन की जरूरत नहीं वह बोले- मेरे दफ्तर में स्टाफ और बाहर के लोग कभी भी बेझिझक आ सकते हैं। किसी को भी परमिशन लेने की जरूरी नहीं है। पुलिस जनता की सेवा के लिए है। ऑफिस में सरकार ने सोफे बैठने के लिए लगाए हैं, इसलिए कोई आदमी किसी भी टाइम दफ्तर में आकर मुझसे मिल सकता है।

अब देखिए, पुलिस अफसर की वह पोस्ट, जिसकी चर्चा हुई…

अब पढ़िए क्या था मामला… जानकारी के अनुसार किन्नौर के रहने वाले चीफ इंजीनियर विमल नेगी 10 मार्च को शिमला से लापता हो गए थे। इसके बाद 18 मार्च को बिलासपुर में भाखड़ा डैम में उनकी लाश मिली। इस मामले में परिजनों ने बिजली बोर्ड के अफसर हरिकेश मीणा और डायरेक्टर देशराज पर प्रताड़ना के आरोप लगाए थे।

परिजनों के आरोपों के बाद दोनों अफसरों पर केस भी दर्ज किया गया। ऐसे में हिमाचल प्रदेश की अफसरशाही पर भी सवाल उठ रहे थे। इसी बीच CID के SP भूपेंद्र नेगी ने सोशल मीडिया पर पोस्ट लिखकर चर्चा को हवा दे दी।

हिमाचल सरकार के करीबी सूत्र बताते हैं कि भूपेंद्र नेगी के इस पोस्ट की चर्चा पार्टी कार्यालयों में भी हो रही थी। हालांकि, इसे लेकर कोई किसी नतीजे पर नहीं पहुंच पाया। अफसरशाही में भी CID के SP की सोशल मीडिया पोस्ट चर्चा का विषय बनी रही।