10अप्रैल, 2026 फैक्ट रिकॉर्डर
Himachal Desk: हिमाचल प्रदेश हाई कोर्ट ने सोलन में अवैध निर्माण के मामले में अहम फैसला सुनाते हुए मुख्य सचिव द्वारा दी गई राहत पर रोक लगा दी है। कोर्ट ने नगर निगम सोलन के उस आदेश को बहाल कर दिया है, जिसमें कथित अवैध निर्माण को गिराने के निर्देश दिए गए थे।
यह मामला उस समय सामने आया जब मुख्य सचिव संजय गुप्ता ने 24 फरवरी 2026 को अपीलीय प्राधिकारी के रूप में नगर निगम के फैसले को रद्द कर दिया था। इसके खिलाफ नगर निगम सोलन ने हाई कोर्ट का रुख किया।
मामले की सुनवाई करते हुए न्यायाधीश ज्योत्सना रिवाल दुआ ने मुख्य सचिव, डीसी और एसडीएम सोलन को नोटिस जारी करते हुए चार सप्ताह के भीतर जवाब दाखिल करने के निर्देश दिए हैं।
विवाद सोलन के जवाहर पार्क क्षेत्र में एक निर्माण से जुड़ा है। अपीलकर्ताओं का कहना था कि वे स्वीकृत नक्शे के अनुसार व्यावसायिक भवन बना रहे हैं, जबकि नगर निगम ने इसे अवैध अतिक्रमण बताते हुए कार्रवाई की। साथ ही, जमीन की पैमाइश को भी विवादित बताया गया।
इससे पहले 28 मार्च 2024 को नगर निगम कमिश्नर ने खसरा नंबर 127/128 पर कथित अतिक्रमण को लेकर निर्माण तोड़ने के आदेश दिए थे। अब हाई कोर्ट के इस फैसले के बाद मामले में फिर से नगर निगम की कार्रवाई प्रभावी हो गई है।













