23 दिसंबर, 2025 फैक्ट रिकॉर्डर
Health Desk: उत्तर भारत में कड़ाके की ठंड और शीतलहर के चलते लोग ठंड से बचने के लिए रूम हीटर का खूब इस्तेमाल कर रहे हैं। हालांकि डॉक्टरों और स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि हीटर के सामने ज्यादा देर तक बैठना या सोना सेहत के लिए नुकसानदायक हो सकता है।
विशेषज्ञों के अनुसार, रूम हीटर कमरे की हवा से नमी खींच लेता है, जिससे वातावरण शुष्क हो जाता है। यह सूखी और गर्म हवा त्वचा, आंखों और सांस से जुड़ी कई समस्याओं को बढ़ा सकती है।
त्वचा और आंखों पर पड़ता है असर
हीटर के ज्यादा इस्तेमाल से त्वचा की प्राकृतिक नमी खत्म होने लगती है, जिससे रूखापन, खुजली, जलन और लाल चकत्तों की समस्या हो सकती है। वहीं आंखों की नमी कम होने से ड्राई आइज, जलन और चुभन की परेशानी बढ़ जाती है। कॉन्टैक्ट लेंस पहनने वालों को इसका खतरा ज्यादा रहता है।
सांस के मरीजों के लिए ज्यादा जोखिम
डॉक्टरों का कहना है कि अस्थमा, एलर्जी या ब्रोंकाइटिस से पीड़ित लोगों के लिए हीटर की गर्म और सूखी हवा समस्या को ट्रिगर कर सकती है। इससे खांसी, गले में खराश और सांस लेने में दिक्कत बढ़ सकती है।
हीटर इस्तेमाल करते समय रखें ये सावधानियां
हीटर का उपयोग सीमित समय के लिए करें
कमरे में हल्का वेंटिलेशन बनाए रखें
सोते समय हीटर बंद कर देना बेहतर है
कमरे में नमी बनाए रखने के लिए पानी का बर्तन या ह्यूमिडिफायर रखें
सांस के मरीज और कॉन्टैक्ट लेंस पहनने वाले लोग सीधे गर्म हवा से बचें
विशेषज्ञों का कहना है कि ठंड से बचने के लिए गर्म कपड़े पहनना और संतुलित आहार लेना हीटर के अत्यधिक इस्तेमाल से कहीं ज्यादा सुरक्षित उपाय हैं।
नोट: यह जानकारी मेडिकल रिपोर्ट्स और स्वास्थ्य विशेषज्ञों की सलाह पर आधारित है।













