राज्यपाल कटारिया ने वरिष्ठ नागरिकों की गरिमा, सुरक्षा और सक्रिय जीवन के लिए सामूहिक जिम्मेदारी पर दिया ज़ोर

चंडीगढ़,30 जनवरी, 2026 फैक्ट रिकॉर्डर

Chandigarh Desk:  अंतरराष्ट्रीय वरिष्ठ नागरिक दिवस के अवसर पर पंजाब के राज्यपाल एवं यूटी चंडीगढ़ के प्रशासक श्री गुलाब चंद कटारिया ने वरिष्ठ नागरिकों की गरिमा, सुरक्षा और सक्रिय जीवन सुनिश्चित करने के लिए परिवारों, समाज और संस्थानों से सामूहिक प्रयास करने का आह्वान किया। वह चंडीगढ़ सीनियर सिटीजन एसोसिएशन द्वारा आयोजित कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में बोल रहे थे।

राज्यपाल ने वरिष्ठ नागरिकों के अच्छे स्वास्थ्य और दीर्घायु की कामना करते हुए कहा कि उनके अनुभव, सुझाव और ज्ञान राष्ट्र व समाज निर्माण में अहम भूमिका निभाते हैं। उन्होंने वर्ष 1996 में पूर्व पंजाब मुख्य सचिव स्वर्गीय पी.एच. वैष्णव के नेतृत्व में स्थापित चंडीगढ़ सीनियर सिटीजन एसोसिएशन की सराहना की, जो फिजियोथेरेपी, योग, स्वास्थ्य जांच जैसी निःशुल्क सेवाओं के साथ विभिन्न सामाजिक कल्याण गतिविधियाँ संचालित कर रही है।

“चलती-फिरती पुस्तकालय हैं वरिष्ठ नागरिक”

सभा को संबोधित करते हुए प्रशासक ने वरिष्ठ नागरिकों को “चलती-फिरती पुस्तकालय” बताया और युवाओं से बुजुर्गों के अनुभवों से सीखने का आग्रह किया। साथ ही उन्होंने वरिष्ठ नागरिकों से अपने अनुभव और सुझाव साझा करने का आह्वान किया, ताकि प्रशासन की नीतियों को और अधिक प्रभावी बनाया जा सके। उन्होंने यह सुझाव भी दिया कि सीनियर सिटीजन होम जैसे शब्दों के स्थान पर अधिक सकारात्मक और सम्मानजनक नामों का प्रयोग किया जाना चाहिए।

बदलती सामाजिक संरचना बनी चुनौती

श्री कटारिया ने कहा कि तेज़ शहरीकरण, रोजगार के लिए पलायन और संयुक्त परिवार से एकल परिवार की ओर बढ़ते रुझान के कारण कई वरिष्ठ नागरिकों को अकेलेपन और उपेक्षा का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में उनके कल्याण के लिए समाज की साझी जिम्मेदारी और भी महत्वपूर्ण हो जाती है।

कल्याण योजनाओं की जानकारी

उन्होंने बताया कि वरिष्ठ नागरिकों के लिए सरकार द्वारा वृद्धावस्था पेंशन, स्वास्थ्य बीमा, विशेष स्वास्थ्य देखभाल कार्यक्रम और माता-पिता एवं वरिष्ठ नागरिकों के भरण-पोषण एवं कल्याण अधिनियम के तहत कानूनी सुरक्षा जैसी कई योजनाएँ लागू की गई हैं।

सम्मान और संवाद

कार्यक्रम के दौरान चिकित्सा, साहित्य, शिक्षा, सामाजिक कार्य, संस्कृति और रेड क्रॉस स्वयंसेवा में योगदान देने वाले वरिष्ठ नागरिकों व स्वयंसेवकों को सम्मानित किया गया। राज्यपाल ने वरिष्ठ नागरिकों से संवाद कर प्रशासनिक सहयोग का आश्वासन दिया और उनकी समस्याओं के समाधान के लिए प्रत्येक बुधवार आयोजित होने वाले जनता दरबार/जन सुनवाई में अपॉइंटमेंट लेने की सलाह दी।

कार्यक्रम का शुभारंभ और समापन राष्ट्रगान के साथ हुआ।