Delhi: 2100 करोड़ से ज्यादा की जल परियोजनाओं की शुरुआत, राजधानी में पानी सप्लाई और सीवर सिस्टम होगा मजबूत

19 फरवरी 2026 फैक्ट रिकॉर्डर

National Desk: राजधानी दिल्ली में पानी और सीवर व्यवस्था को मजबूत करने के लिए 2100 करोड़ रुपये से अधिक की बड़ी जल परियोजनाओं की शुरुआत की गई है। इन योजनाओं से सीवेज ट्रीटमेंट क्षमता बढ़ेगी, पुरानी पाइपलाइनों को बदला जाएगा और कई इलाकों में घर-घर सीवर कनेक्शन दिए जाएंगे, जिससे लोगों को लंबे समय से चली आ रही समस्याओं से राहत मिलेगी।

बुधवार को पश्चिमी दिल्ली के टोडापुर स्थित रामलीला मैदान में मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने दिल्ली जल बोर्ड की इन परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इस मौके पर मुख्यमंत्री ने कहा कि उनकी सरकार सिर्फ घोषणाएं नहीं करती, बल्कि योजनाओं को समय पर और गुणवत्ता के साथ पूरा करने पर जोर देती है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी काम तय समय सीमा में पूरे हों, ताकि जनता को जल्द फायदा मिल सके।

पुरानी समस्याओं का स्थायी समाधान
मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वच्छ पेयजल और आधुनिक सीवर नेटवर्क सरकार की प्राथमिकता है। जिन इलाकों में वर्षों से पानी और सीवर की दिक्कतें बनी हुई थीं, वहां अब स्थायी समाधान किया जा रहा है। इन परियोजनाओं के पूरा होने से बिना ट्रीट किया गया गंदा पानी यमुना में जाने से रुकेगा और सीवेज साफ करने की क्षमता में बढ़ोतरी होगी। साथ ही, पानी की सप्लाई अधिक मजबूत और नियमित बनेगी।

विकसित दिल्ली के लिए मजबूत ढांचा
सीएम ने कहा कि विकसित दिल्ली के लक्ष्य को हासिल करने के लिए मजबूत जल और सीवर ढांचा जरूरी है। सरकार मिशन मोड में काम कर रही है, ताकि हर घर तक साफ पानी पहुंचे और हर इलाके में आधुनिक सीवरेज सिस्टम उपलब्ध हो। जल मंत्री प्रवेश साहिब सिंह ने भी कहा कि ये परियोजनाएं दिल्ली को आधुनिक और टिकाऊ जल प्रबंधन की दिशा में आगे ले जाएंगी।

एमनेस्टी स्कीम का दायरा बढ़ा
मुख्यमंत्री ने बताया कि जल उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए लागू एमनेस्टी स्कीम का दायरा अब व्यावसायिक उपभोक्ताओं तक बढ़ा दिया गया है और इसे अगस्त तक बढ़ाया गया है। अब तक 3.52 लाख से ज्यादा उपभोक्ताओं को पेनल्टी, ब्याज और सरचार्ज में राहत दी जा चुकी है। इससे डीजेबी को भी सैकड़ों करोड़ रुपये का राजस्व मिला है और आगे और आय की उम्मीद है।

प्रमुख परियोजनाएं
इन परियोजनाओं के तहत नीलोठी, पप्पनकलां और मोलरबंद जैसे एसटीपी की क्षमता बढ़ाई जा रही है, जबकि चंद्रावल जल शोधन संयंत्र क्षेत्र में जल आपूर्ति सुधार के बड़े पैकेज शुरू किए गए हैं। इसके अलावा बेगमपुर, वजीराबाद, रनहोला और संत नगर जैसे इलाकों में घर-घर सीवर कनेक्शन दिए जाएंगे।

सरकार का दावा है कि इन परियोजनाओं के पूरा होने के बाद दिल्ली में पानी और सीवर से जुड़ी समस्याओं में बड़ी राहत मिलेगी और राजधानी की बुनियादी सुविधाएं पहले से कहीं ज्यादा मजबूत होंगी।