कांग्रेस का केंद्र पर हमला: ‘पीएम मोदी और उनकी टीम वंदे मातरम बहस में पूरी तरह बेनकाब’

Politics: 'पीएम की पूरी टीम बेनकाब', संसद में 'वंदे मातरम' पर चर्चा के बाद कांग्रेस ने भाजपा को लिया आड़े हाथ

11 दिसंबर, 2025 फैक्ट रिकॉर्डर

Politics Desk:  वंदे मातरम् की 150वीं वर्षगांठ पर लोकसभा और राज्यसभा में हुई तीन दिवसीय चर्चा के बाद कांग्रेस ने केंद्र सरकार और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तीखे आरोप लगाए। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि इस बहस के दौरान प्रधानमंत्री और उनकी पूरी टीम “बेनकाब और गलत साबित” हुई है।

रमेश ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री और भाजपा नेताओं ने इतिहास को समझे बिना बयान दिए और दो प्रमुख इतिहासकारों—रुद्रांगसु मुखर्जी की ‘भारत का गीत: राष्ट्रगान का एक अध्ययन’ तथा सब्यसाची भट्टाचार्य की ‘वंदे मातरम्’—की किताबें पढ़ी तक नहीं हैं।

जयराम रमेश ने कहा कि चर्चा का उद्देश्य राष्ट्रीय गीत और गान के इतिहास को स्पष्ट करना था, लेकिन सरकार ने इसमें भी तथ्यात्मक त्रुटियां रखीं। उन्होंने सुगता बोस का हवाला देते हुए कहा कि 1937 में रवींद्रनाथ टैगोर की सलाह पर ही कांग्रेस ने तय किया था कि राष्ट्रीय सभाओं में सिर्फ वंदे मातरम् का पहला भाग गाया जाएगा।

कांग्रेस नेता के अनुसार भाजपा की दलीलें झूठ पर आधारित थीं और बहस का मकसद पहले प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू व रवींद्रनाथ टैगोर जैसे स्वतंत्रता सेनानियों का अपमान करना था।

उधर, प्रधानमंत्री मोदी ने सोमवार को कांग्रेस पर पलटवार करते हुए कहा था कि नेहरू ने जिन्ना की आपत्ति के कारण वंदे मातरम् को पूरा गाए जाने से रोका और “साम्प्रदायिक राजनीति” को बढ़ावा दिया।

वंदे मातरम् की 150वीं वर्षगांठ पर संसद में यह चर्चा सोमवार से शुरू होकर बुधवार तक चली, जिसमें भाजपा और कांग्रेस दोनों ने राष्ट्रीयता और इतिहास की अपनी-अपनी व्याख्याएँ पेश कीं।