चंडीगढ़: 22 गांवों के लिए लैंड पूलिंग पॉलिसी फिलहाल नहीं, सांसद के सवाल पर केंद्र का इनकार

चंडीगढ़: 22 गांवों के लिए लैंड पूलिंग पॉलिसी फिलहाल नहीं, सांसद के सवाल पर केंद्र का इनकार

13 अगस्त 2025 फैक्ट रिकॉर्डर

Chandigarh Desk: चंडीगढ़ के 22 गांवों के लिए लैंड पूलिंग पॉलिसी पर फिलहाल विराम, केंद्र का स्पष्ट इनकार                                                                                                                              पंजाब में न्यू चंडीगढ़, मोहाली की एयरो सिटी और पंचकूला के कई प्रोजेक्ट लैंड पूलिंग पॉलिसी के तहत विकसित किए गए, लेकिन चंडीगढ़ के 22 गांवों के लिए ऐसा मॉडल फिलहाल लागू नहीं होगा। लोकसभा में सांसद मनीष तिवारी के सवाल के जवाब में केंद्रीय गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय ने साफ किया कि चंडीगढ़ प्रशासन ने न तो कोई लैंड पूलिंग पॉलिसी बनाई है और न ही इस पर विचार किया जा रहा है।

इस जवाब से उन हजारों लोगों को झटका लगा है, जो वर्षों से इस नीति का इंतजार कर रहे थे। तिवारी ने संसद में पूछा था कि क्या पंजाब और हरियाणा की तर्ज पर चंडीगढ़ में भी किसानों और जमीन मालिकों को मुआवजे की बजाय विकसित प्लॉट देने वाली नीति पर विचार हो रहा है, जिससे पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप को भी बढ़ावा मिले। राय ने दोहराया कि ऐसी कोई योजना वर्तमान में एजेंडे में नहीं है।

चंडीगढ़ में इस समय करीब 3000 एकड़ जमीन निजी स्वामित्व में है और सरकारी जमीन जोड़ने पर कुल लगभग 4000 एकड़ उपलब्ध है, जिसमें से 500 एकड़ नगर निगम के पास है। जमीन की इस उपलब्धता के बावजूद, नीति न बनने से कृषि भूमि पर अवैध कॉलोनियां बसने का खतरा बढ़ रहा है।

मनीष तिवारी ने कहा कि शहर में जमीन की कमी और विकास की जरूरत को देखते हुए लैंड पूलिंग पॉलिसी लागू होनी चाहिए। इसके लिए मेयर और जनप्रतिनिधि पहले भी प्रशासक को प्रेजेंटेशन दे चुके हैं। उनका कहना है कि बार-बार लोगों की उम्मीदें तोड़ी जा रही हैं, जैसे चंडीगढ़ की कई अन्य विकास योजनाओं के साथ होता आया है।