फर्नीचर मार्केट की जगह बनेगा साइकिल ट्रैक, प्रशासन ने शुरू की एरिया प्लानिंग और विकास कार्यों की तैयारी

22 जुलाई 2025 फैक्टर रिकॉर्डर

Chandigarh Desk: फर्नीचर मार्केट हटाने के बाद प्रशासन की विकास योजनाओं पर काम शुरू, साइकिल ट्रैक और हाउसिंग प्रोजेक्ट की तैयारी                                                                                              चंडीगढ़ के सेक्टर-53 में अवैध रूप से चल रही फर्नीचर मार्केट को हटाए जाने के बाद प्रशासन ने अब इस इलाके के विकास की दिशा में कदम बढ़ा दिए हैं। अधिकारियों के अनुसार, इस जमीन पर कई कार्य प्रस्तावित हैं, जिनमें प्रमुख रूप से साइकिल ट्रैक का निर्माण शामिल है। फिलहाल इस सड़क पर कोई साइकिल ट्रैक नहीं है, जिससे साइकिल सवारों को परेशानी होती है। अब वहां ट्रैक बनाकर उन्हें सुविधा दी जाएगी।

प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार, इस क्षेत्र की जमीन का कुछ हिस्सा चंडीगढ़ हाउसिंग बोर्ड के पास है, जबकि बाकी भूमि सीधे प्रशासन के अधीन आती है। अब सबसे पहले जमीन की मार्किंग और चारों ओर फेंसिंग करवाई जाएगी, ताकि दोबारा अवैध कब्जा न हो सके। साथ ही सड़क चौड़ी करने की भी योजना है ताकि ट्रैफिक का दबाव कम किया जा सके।

अर्बन प्लानिंग विभाग को पूरे क्षेत्र की योजना तैयार करने की जिम्मेदारी दी गई है। हाउसिंग बोर्ड के हिस्से पर आवासीय परियोजना लाई जा सकती है, जबकि जिस जमीन पर वर्षों से फर्नीचर मार्केट चल रही थी, वह 14 फरवरी 2002 को ही चंडीगढ़ प्रशासन द्वारा अधिग्रहित की जा चुकी थी। यह अधिग्रहण सेक्टर-53, 54 और 55 के समग्र विकास के उद्देश्य से किया गया था। अधिकारी यह भी कह रहे हैं कि इस जमीन पर भविष्य में कोई नया मार्केट या अन्य विकास योजना लागू की जा सकती है।

लाखों का फर्नीचर लूटा, कारोबारी परेशान                                                                                    मार्केट हटाए जाने के बाद रविवार रात सेक्टर-53 और 54 में स्थित फर्नीचर मार्केट से अनजान लोगों ने जबरन घुसकर कारोबारियों का लाखों रुपये का सामान लूट लिया। फर्नीचर मार्केट के प्रधान संजीव भंडारी और अन्य कारोबारियों ने बताया कि भीड़ में शामिल कुछ उपद्रवियों ने चाकू दिखाकर डराया और बेड, फर्नीचर, टीन शेड समेत कीमती सामान उठा ले गए। कई कारोबारियों ने इमरजेंसी नंबर 112 पर कॉल की, लेकिन पुलिस देर से पहुंची और तब तक काफी नुकसान हो चुका था।

कारोबारी अजय ने बताया कि भीड़ इतनी ज्यादा थी कि रोकना मुश्किल हो गया। पुलिस पहुंचने के बाद भी लोग सामान उठाते रहे। कई लोगों ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उनसे ही कहा कि अपना सामान जल्दी शिफ्ट करें।

गोदामों में शिफ्ट कर रहे सामान, बारिश ने बढ़ाई मुसीबत                                                                जगह की कमी के कारण कई कारोबारियों ने मजबूरी में मोहाली में किराए पर गोदाम लिए हैं और वहीं अपना बचा-खुचा सामान भिजवा रहे हैं। बारिश के कारण लकड़ी का काफी सामान भीगकर खराब हो गया। कारोबारियों का कहना है कि यदि उन्हें सिर्फ 10 दिन का समय और दिया गया होता, तो उनका लाखों का नुकसान रोका जा सकता था।