Arvind Kejriwal दिल्ली शराब नीति केस में बरी, कोर्ट के बाहर भावुक हुए

27 फरवरी 2026 फैक्ट रिकॉर्डर

Punjab Desk: दिल्ली की कथित शराब नीति घोटाले में Central Bureau of Investigation (CBI) द्वारा दर्ज मामले में राउज एवेन्यू कोर्ट ने पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और पूर्व उपमुख्यमंत्री Manish Sisodia को बरी कर दिया है। आरोप तय करने पर सुनवाई के दौरान अदालत ने कहा कि दोनों नेताओं के खिलाफ आरोप सिद्ध करने के लिए पर्याप्त आधार नहीं हैं, जिसके बाद सभी आरोप खारिज कर दिए गए।

फैसले के समय केजरीवाल और सिसोदिया अदालत में मौजूद थे। कोर्ट से बाहर आने के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए केजरीवाल भावुक हो गए और रो पड़े। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ वर्षों से उन पर लगाए जा रहे आरोपों को आज अदालत ने खारिज कर दिया है। उन्होंने इसे “सत्य की जीत” बताया और कहा कि उन्हें न्यायपालिका पर पूरा भरोसा था।

केजरीवाल ने आरोप लगाया कि राजनीतिक षड्यंत्र के तहत उनकी पार्टी को खत्म करने की कोशिश की गई और उन्हें एक सिटिंग मुख्यमंत्री रहते हुए गिरफ्तार कर करीब छह महीने जेल में रखा गया। उन्होंने कहा कि यह मामला पूरी तरह से “फर्जी” था और उनकी ईमानदारी पर सवाल उठाने की कोशिश की गई। वहीं मनीष सिसोदिया ने भी फैसले का स्वागत करते हुए कहा कि उन्हें संविधान और न्याय व्यवस्था पर गर्व है।

गौरतलब है कि इस मामले में Enforcement Directorate (ED) और CBI दोनों ने कार्रवाई की थी। ईडी ने 21 मार्च 2024 को केजरीवाल को उनके आवास से गिरफ्तार किया था। बाद में 26 जून 2024 को CBI ने भी उन्हें गिरफ्तार किया। दोनों एजेंसियों की हिरासत में रहने के बाद उन्हें सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिली थी।

CBI का आरोप था कि दिल्ली की नई शराब नीति में कथित तौर पर अनियमितताएं और हेरफेर किए गए, जिनमें केजरीवाल और सिसोदिया की प्रमुख भूमिका रही। हालांकि अब ट्रायल कोर्ट के फैसले के बाद इस केस में दोनों नेताओं को बड़ी राहत मिली है।