फरीदकोट, 20 अप्रैल 2025 Fact Recorder
मुख्य कृषि अधिकारी डॉ. कुलवंत सिंह ने जानकारी देते हुए बताया कि खरीफ की मुख्य फसल गेहूं की कटाई का कार्य पूरे जोर-शोर से चल रहा है। इस दौरान पिछले कुछ दिनों में विभिन्न कारणों से आग लगने की घटनाएं सामने आई हैं, जिससे किसानों को आर्थिक नुकसान होने के साथ-साथ मानवीय और प्राकृतिक नुकसान का भी खतरा बना हुआ है।
डॉ. कुलवंत सिंह ने किसान भाइयों से जोरदार अपील की कि जब तक आसपास के खेतों में खड़ी गेहूं की कटाई पूरी तरह से संपन्न नहीं हो जाती, तब तक भूसी (तूड़ी) बनाने से परहेज़ करें। क्योंकि गेहूं की कटाई के तुरंत बाद भूसी बनाने के दौरान नमी युक्त पराली (नाड़) के कारण मशीन से चिंगारी निकलने की संभावना बनी रहती है, जिससे आसपास के खेतों में खड़ी फसल को आग लग सकती है।
उन्होंने किसानों से विशेष निवेदन किया कि वे केवल तभी भूसी बनाएं जब उनकी खुद की फसल की पराली पूरी तरह सूख चुकी हो और आसपास के खेतों की कटाई भी पूरी हो चुकी हो। ऐसा करके हम आगजनी की घटनाओं से बच सकते हैं और अपने व दूसरों के खेतों की फसलों की सुरक्षा सुनिश्चित कर सकते हैं।












