October 14,2026 Fact Recorder
Chandigarh Desk: पंजाब राज्य खाद्य आयोग ने सरकारी स्कूलों में संचालित मिड-डे-मील योजना को लेकर सख्त रुख अपनाया है। आयोग के कार्यकारी चेयरमैन विजय दत्त ने स्पष्ट किया कि विद्यार्थियों को पौष्टिक भोजन उपलब्ध करवाने की योजना में किसी भी तरह की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने स्कूलों की रसोई में साफ-सफाई, भोजन तैयार करने वाले रसोइयों की स्वच्छता और राशन के पारदर्शी वितरण को सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
रसोई की सफाई और स्वच्छता पर विशेष जोर
चंडीगढ़ में आयोजित बैठक के दौरान विजय दत्त ने कहा कि मिड-डे-मील योजना का सुचारू संचालन सुनिश्चित करना जरूरी है। इसके लिए स्कूलों में रसोईघरों की नियमित सफाई, स्वच्छता संबंधी उचित सुविधाओं और साफ-सुथरे शौचालयों की व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए।
उन्होंने भोजन तैयार करने वाले रसोइयों को भी स्वच्छता के नियमों का पूरी तरह पालन करने के निर्देश दिए। इसके अलावा, स्कूलों में पर्याप्त जगह उपलब्ध होने पर किचन गार्डन स्थापित करने के महत्व पर जोर दिया, ताकि विद्यार्थियों को बेहतर पोषण उपलब्ध करवाने की दिशा में प्रयास किए जा सकें।
40 करोड़ रुपये की राशि जारी
बैठक में मिड-डे-मील योजना के जनरल मैनेजर विरेंद्र सिंह बराड़ ने जानकारी दी कि 31 अगस्त, 2026 तक योजना की पुरानी बकाया देनदारियों के भुगतान के लिए 40 करोड़ रुपये जारी किए जा चुके हैं।
आंगनवाड़ी केंद्रों में राशन की निर्बाध आपूर्ति के निर्देश
विजय दत्त ने आंगनवाड़ी केंद्रों को राज्य के सामाजिक सुरक्षा ढांचे का महत्वपूर्ण हिस्सा बताते हुए कहा कि यहां राशन की नियमित आपूर्ति सुनिश्चित की जानी चाहिए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को इस मामले में किसी भी तरह की ढिलाई नहीं बरतने के निर्देश दिए।
राशन वितरण में पारदर्शिता सुनिश्चित करने पर जोर
आयोग के कार्यकारी चेयरमैन ने उचित मूल्य की दुकानों (FPS) के माध्यम से राशन वितरण को पारदर्शी और सुचारू बनाने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम, 2013 के तहत किसी भी पात्र लाभार्थी को राशन से वंचित नहीं रहना चाहिए।
लाभार्थियों का फीडबैक लेने के लिए बनेगा केंद्रीय वार रूम
बैठक के दौरान खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले विभाग को लाभार्थियों से संबंधित आंकड़े आयोग को भेजने की प्रक्रिया तेज करने के निर्देश दिए गए। इसका उद्देश्य केंद्रीय वार रूम स्थापित करने के काम में तेजी लाना है। इस वार रूम के माध्यम से लाभार्थियों को मिलने वाली विभिन्न सुविधाओं के बारे में उनका फीडबैक प्राप्त किया जाएगा।
बैठक में आयोग के सदस्य जसवीर सिंह सेखों और चेतन प्रकाश धालीवाल सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति भी मौजूद रहे।













