24 July 2026 Fact Recorder
National Desk: लद्दाख के प्रसिद्ध शिक्षाविद् और सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने 26 दिनों तक चले अपने अनशन को समाप्त कर दिया है। उन्होंने देर रात सोशल मीडिया पर इसकी जानकारी देते हुए बताया कि केंद्रीय मंत्रियों और लद्दाख के वरिष्ठ प्रतिनिधियों की मौजूदगी में उन्होंने जूस पीकर अपना उपवास तोड़ा।
सोनम वांगचुक ने अपने संदेश में बताया कि केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा, डॉ. जितेंद्र सिंह तथा लेह-लद्दाख की एपेक्स बॉडी के वरिष्ठ नेताओं की उपस्थिति में यह निर्णय लिया गया। उन्होंने कहा कि लंबे समय तक चली बातचीत और देश में किसी भी प्रकार के तनाव या हिंसा की आशंका को देखते हुए उन्होंने अनशन समाप्त करने का फैसला किया।
वांगचुक ने यह भी कहा कि अनशन समाप्त करने के पीछे हुई सहमति और शर्तों की विस्तृत जानकारी वह जल्द ही एक अलग वीडियो संदेश के माध्यम से साझा करेंगे। उन्होंने लोगों से शांति बनाए रखने और किसी भी तरह की हिंसा से दूर रहने की अपील भी की।
गौरतलब है कि इससे पहले विभिन्न राजनीतिक दलों के करीब 65 सांसदों ने भी सोनम वांगचुक से स्वास्थ्य का हवाला देते हुए अनशन समाप्त करने का आग्रह किया था। लंबे अनशन के दौरान उनकी तबीयत भी बिगड़ गई थी, जिसके बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा था।
अनशन समाप्त होने के बाद अब सभी की नजरें इस बात पर टिकी हैं कि सरकार और आंदोलनकारियों के बीच हुई बातचीत में किन मुद्दों पर सहमति बनी है, जिसका खुलासा सोनम वांगचुक जल्द करने वाले हैं।













