21 May 2026 Fact Recorder
Health Desk: देश के कई हिस्सों में लगातार बढ़ती गर्मी और लू लोगों की सेहत पर गंभीर असर डाल रही है। अस्पतालों में डिहाइड्रेशन और हीट स्ट्रोक के मामलों में बढ़ोतरी देखी जा रही है। ऐसे में सवाल उठ रहा है कि क्या अत्यधिक गर्मी हार्ट अटैक का खतरा भी बढ़ा सकती है।
दिल्ली के Rajiv Gandhi Super Speciality Hospital में कार्डियोलॉजी विभाग के एसोसिएट प्रोफेसर Dr. Ajit Jain के मुताबिक, गर्मी सीधे तौर पर हार्ट अटैक का कारण नहीं बनती, लेकिन ज्यादा तापमान दिल पर अतिरिक्त दबाव जरूर डाल सकता है। खासकर उन लोगों को अधिक सावधानी बरतने की जरूरत है, जिन्हें पहले से हृदय संबंधी बीमारी है।
डॉक्टरों के अनुसार, तेज गर्मी में शरीर खुद को ठंडा रखने के लिए ज्यादा मेहनत करता है। इस दौरान हार्ट को ब्लड सर्कुलेशन बढ़ाने के लिए तेजी से काम करना पड़ता है। अधिक पसीना आने से शरीर में पानी और जरूरी मिनरल्स की कमी हो जाती है, जिससे ब्लड प्रेशर और हार्ट रेट प्रभावित हो सकते हैं। लंबे समय तक डिहाइड्रेशन रहने पर खून गाढ़ा होने लगता है, जिससे ब्लड क्लॉट बनने का खतरा बढ़ सकता है। कुछ मामलों में यही स्थिति हार्ट अटैक की वजह भी बन सकती है।
हालांकि एक्सपर्ट्स का कहना है कि हर व्यक्ति को गर्मी में हार्ट अटैक का खतरा नहीं होता। यदि कोई व्यक्ति पर्याप्त पानी पी रहा है, धूप में कम निकल रहा है और उसे हाई बीपी या दिल की बीमारी नहीं है, तो घबराने की जरूरत नहीं है।
किन लोगों को ज्यादा खतरा?
- हाई ब्लड प्रेशर के मरीज
- पहले से हार्ट की बीमारी से पीड़ित लोग
- बुजुर्ग
- लंबे समय तक धूप में काम करने वाले लोग
इन लक्षणों को नजरअंदाज न करें
- अचानक बहुत ज्यादा पसीना आना
- दिल की धड़कन तेज होना
- छाती में दर्द
- सांस लेने में तकलीफ
डॉक्टरों की सलाह है कि गर्मियों में शरीर को हाइड्रेट रखें, दोपहर की तेज धूप से बचें और किसी भी गंभीर लक्षण पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें।













