21 May 2026 Fact Recorder
Punjab Desk: पंजाब इन दिनों भीषण गर्मी और लू की चपेट में है। राज्य के कई जिलों में तापमान लगातार बढ़ रहा है, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है। मौसम विभाग ने 24 मई तक पंजाब के अधिकांश हिस्सों में ऑरेंज अलर्ट जारी किया है और लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।
मंगलवार को पंजाब का सबसे अधिक तापमान बठिंडा में 46.6 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से करीब 5 डिग्री ज्यादा रहा। मौसम विभाग के मुताबिक राज्य का औसत अधिकतम तापमान भी सामान्य से लगभग 4.6 डिग्री अधिक चल रहा है।
राज्य के अन्य प्रमुख शहरों में भी गर्मी का असर साफ दिखाई दिया। अमृतसर में 43.6 डिग्री, लुधियाना में 44.1 डिग्री, पटियाला में 45 डिग्री, फरीदकोट में 44.5 डिग्री, गुरदासपुर में 44 डिग्री, मोहाली में 42.9 डिग्री और रूपनगर में 44.6 डिग्री तापमान रिकॉर्ड किया गया। तेज धूप और गर्म हवाओं के कारण दिनभर लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
मौसम विभाग के अनुसार 21 और 22 मई को पठानकोट, गुरदासपुर, अमृतसर, तरनतारन, कपूरथला, जालंधर, होशियारपुर, नवांशहर, रूपनगर, मोहाली, लुधियाना, फतेहगढ़ साहिब, पटियाला, संगरूर, मानसा, बठिंडा, मोगा, फिरोजपुर, फाजिल्का, मुक्तसर और फरीदकोट सहित कई जिलों में लू को लेकर ऑरेंज अलर्ट जारी रहेगा।
23 मई को उत्तर और पूर्वी पंजाब के कुछ हिस्सों में हल्की राहत मिलने की संभावना जताई गई है, जहां यलो अलर्ट रहेगा। हालांकि मालवा और दक्षिणी पंजाब के कई जिलों में लू का असर जारी रहने की आशंका है।
24 मई को भी अमृतसर, तरनतारन, बठिंडा, मानसा, संगरूर, मोगा, फिरोजपुर, फाजिल्का, लुधियाना और पटियाला समेत कई जिलों में ऑरेंज अलर्ट जारी रहेगा। मौसम विभाग ने दोपहर के समय अनावश्यक रूप से घर से बाहर न निकलने की सलाह दी है।
विभाग का अनुमान है कि 25 मई तक पंजाब में लू और कई इलाकों में भीषण लू की स्थिति बनी रह सकती है। दक्षिणी और पश्चिमी पंजाब के कुछ हिस्सों में तापमान 45 से 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच सकता है, जबकि उत्तर और पूर्वी जिलों में यह 42 से 45 डिग्री के बीच रह सकता है।
मौसम विभाग ने लोगों को ज्यादा पानी पीने, हल्के सूती कपड़े पहनने और सिर को ढककर रखने की सलाह दी है। बच्चों, बुजुर्गों और बीमार लोगों को विशेष सावधानी बरतने को कहा गया है। वहीं किसानों को सुबह या शाम के समय सिंचाई करने की सलाह दी गई है ताकि फसलों पर गर्मी का असर कम हो सके।













