09 मार्च 2026 फैक्ट रिकॉर्डर
National Desk: मुंबई में हाल ही में शुरू हुई देश की पहली ‘म्यूजिकल रोड’ अब विवादों में घिर गई है। सड़क से निकलने वाली तेज धुनों से परेशान होकर आसपास के रिहायशी इलाकों के 650 से अधिक परिवारों ने शिकायत दर्ज कराई है। लोगों का कहना है कि लगातार बजने वाला संगीत उनकी दिनचर्या को प्रभावित कर रहा है।
पॉश ब्रीच कैंडी इलाके के निवासियों के अनुसार यह संगीत रोज सुबह करीब 6 बजे से लेकर आधी रात तक सुनाई देता है। उनका कहना है कि यह ‘मेलोडी रोड’ अनावश्यक शोर पैदा कर रही है और इससे किसी जरूरी सार्वजनिक जरूरत का समाधान नहीं हो रहा। स्थानीय लोगों ने इस संबंध में नगर आयुक्त भूषण गगरानी को पत्र लिखकर समस्या का जल्द समाधान करने की मांग की है।
निवासियों का आरोप है कि कोस्टल रोड के उत्तरी हिस्से पर गुजरने वाले वाहनों के कारण एआर रहमान के मशहूर गीत ‘जय हो’ की धुन बार-बार बजती रहती है। रात के समय जब शहर शांत होता है, तब इसकी आवाज और ज्यादा तेज महसूस होती है। लोगों का कहना है कि खिड़कियां बंद करने के बावजूद भी आवाज घर के अंदर तक सुनाई देती है, जिससे खासकर बच्चों और बुजुर्गों को परेशानी हो रही है।
दरअसल, इस संगीतमय सड़क पर विशेष खांचे बनाए गए हैं। जब वाहन निर्धारित गति से इन पर गुजरते हैं तो सड़क से संगीत की धुन निकलती है। यह दुनिया की पांचवीं और भारत की अपनी तरह की पहली म्यूजिकल रोड बताई जा रही है।
इस परियोजना का उद्घाटन 11 फरवरी को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने किया था। सड़क पर अलग-अलग दूरी पर साइन बोर्ड भी लगाए गए हैं, जो वाहन चालकों को निर्धारित गति और आगे आने वाली म्यूजिकल रोड के बारे में जानकारी देते हैं।
विवाद बढ़ने के बाद बृहन्मुंबई नगर निगम (BMC) ने मामले की जांच का फैसला किया है। निगम आसपास के आवासीय भवनों में शोर के डेसिबल स्तर को मापेगा। साथ ही तकनीकी सलाहकारों को निर्देश दिया गया है कि परियोजना के उद्देश्य को बनाए रखते हुए शोर को कम करने के उपाय तलाशे जाएं। BMC ने लोगों को भरोसा दिलाया है कि उनकी समस्या का जल्द समाधान किया जाएगा।













