महिलाओं में आयरन की कमी होने पर क्यों नहीं करनी चाहिए प्रेगनेंसी प्लान? एक्सपर्ट से जानें

06 मार्च 2026 फैक्ट रिकॉर्डर

Health Desk:  प्रेगनेंसी प्लान करने से पहले महिलाओं को अपने स्वास्थ्य की पूरी जांच करानी चाहिए। अगर शरीर में किसी पोषक तत्व की कमी है, तो पहले उसे पूरा करना जरूरी होता है। खासकर आयरन की कमी होने पर प्रेगनेंसी प्लान करने से बचना चाहिए, क्योंकि इसका असर मां और बच्चे दोनों की सेहत पर पड़ सकता है।
विशेषज्ञों के अनुसार, आयरन शरीर में हीमोग्लोबिन बनाने के लिए जरूरी होता है। हीमोग्लोबिन खून के जरिए शरीर के अलग-अलग हिस्सों तक ऑक्सीजन पहुंचाने का काम करता है। अगर शरीर में आयरन कम होगा तो हीमोग्लोबिन भी कम हो सकता है, जिससे कई स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं।

प्रेगनेंसी के दौरान आयरन की कमी क्यों खतरनाक है?
डॉक्टरों के अनुसार, गर्भावस्था के दौरान आयरन की कमी होने से कई गंभीर समस्याएं हो सकती हैं, जैसे:
समय से पहले डिलीवरी (Premature Birth) का खतरा बढ़ सकता है
बच्चे का वजन सामान्य से कम हो सकता है
डिलीवरी के समय ज्यादा ब्लीडिंग का जोखिम रहता है
मां में गंभीर कमजोरी और एनीमिया की समस्या हो सकती है
अगर गर्भधारण से पहले ही आयरन की कमी हो, तो प्रेगनेंसी के दौरान यह समस्या और ज्यादा बढ़ सकती है।
महिलाओं में आयरन की कमी क्यों होती है?

महिलाओं में आयरन की कमी के कई कारण हो सकते हैं, जैसे:
खराब खान-पान
पोषण की कमी
आयरन से भरपूर खाद्य पदार्थों का कम सेवन
ज्यादा ब्लीडिंग या पीरियड्स
आयरन की कमी के सामान्य लक्षण
अगर शरीर में आयरन कम हो जाए तो कुछ संकेत दिखने लगते हैं:
लगातार थकान और कमजोरी
चक्कर आना
सांस जल्दी फूलना
त्वचा का पीला पड़ना
ऐसे लक्षण दिखने पर डॉक्टर से जांच करवानी चाहिए। डॉक्टर ब्लड टेस्ट के जरिए आयरन लेवल जांचकर डाइट में बदलाव या दवाइयों से इसे ठीक करने की सलाह दे सकते हैं।
ध्यान रखें: प्रेगनेंसी प्लान करने से पहले आयरन का स्तर सही होना मां और होने वाले बच्चे दोनों की