10 फरवरी 2026 फैक्ट रिकॉर्डर
National Desk: पूर्वोत्तर भारत के दो राज्यों अरुणाचल प्रदेश और सिक्किम में भूकंप के झटके महसूस किए गए, जिससे लोगों में कुछ देर के लिए दहशत का माहौल बन गया। भूकंप के झटके अलग-अलग समय पर रात और सुबह महसूस किए गए। राहत की बात यह रही कि अब तक किसी भी तरह के जान-माल के नुकसान की सूचना नहीं मिली है।
नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी (NCS) के मुताबिक, अरुणाचल प्रदेश के पश्चिमी कामेंग जिले में देर रात 12 बजकर 58 मिनट पर भूकंप आया। रिक्टर स्केल पर इसकी तीव्रता 3.1 दर्ज की गई। भूकंप का केंद्र जमीन से लगभग 10 किलोमीटर की गहराई में स्थित था। झटके हल्के थे, लेकिन अचानक आए कंपन से लोग घबराकर घरों से बाहर निकल आए।
इसके कुछ घंटों बाद सिक्किम में भी धरती हिलने की घटना सामने आई। सुबह 5 बजकर 38 मिनट पर नामची क्षेत्र में भूकंप के झटके महसूस किए गए। यहां भूकंप का केंद्र करीब 5 किलोमीटर की गहराई पर बताया गया है। सुबह के समय आए झटकों से कई लोग नींद से जाग गए और एहतियातन सुरक्षित स्थानों की ओर चले गए।
विशेषज्ञों के अनुसार भूकंप धरती के नीचे मौजूद टेक्टोनिक प्लेट्स की हलचल के कारण आते हैं। जब ये प्लेट्स आपस में टकराती या खिसकती हैं, तो ऊर्जा का उत्सर्जन होता है, जो भूकंप के रूप में महसूस किया जाता है। वैज्ञानिकों का कहना है कि भूकंप एक प्राकृतिक प्रक्रिया है, लेकिन सतर्कता और जागरूकता से इसके नुकसान को काफी हद तक कम किया जा सकता है।
आपदा प्रबंधन विभाग ने लोगों से अपील की है कि भूकंप के दौरान घबराएं नहीं, खुले स्थानों पर जाने की कोशिश करें, लिफ्ट का प्रयोग न करें और बिजली के खंभों, पेड़ों व कांच की इमारतों से दूरी बनाए रखें।













