01 फरवरी 2026 फैक्ट रिकॉर्डर
National Desk: प्रयागराज में माघी पूर्णिमा के पावन अवसर पर त्रिवेणी संगम पर आस्था का अद्भुत दृश्य देखने को मिला। रविवार तड़के से ही संगम नोज पर श्रद्धालुओं का सैलाब उमड़ पड़ा। अलसुबह से गंगा, यमुना और अदृश्य सरस्वती के संगम में स्नान और पूजा-अर्चना का सिलसिला शुरू हो गया, जो सुबह तक लगातार जारी रहा। प्रशासन के अनुसार, सुबह 8 बजे तक करीब 90 लाख श्रद्धालु पवित्र डुबकी लगा चुके थे।
मेले के अधिकारियों ने बताया कि श्रद्धालुओं की सुरक्षा और सुविधा के लिए व्यापक इंतजाम किए गए हैं। संगम क्षेत्र में एटीएस समेत अन्य सुरक्षा एजेंसियां तैनात हैं, वहीं भीड़ नियंत्रण के लिए विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। खोया-पाया सेवा को भी पूरी तरह सक्रिय रखा गया है, ताकि किसी को परेशानी न हो। भीड़ को नियंत्रित करने के लिए मानव श्रृंखला बनाकर श्रद्धालुओं को यमुना की ओर सुचारू रूप से भेजा जा रहा है।
श्रद्धालुओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। कल्पवासियों ने माघ पूर्णिमा के स्नान के साथ अपने एक माह के कल्पवास का समापन किया और पूजा-पाठ के बाद अपने घरों की ओर प्रस्थान करना शुरू कर दिया। कई श्रद्धालुओं ने व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए कहा कि इस बार स्नान के लिए सुविधाएं बेहतर हैं और किसी तरह की असुविधा महसूस नहीं हुई।
धार्मिक संतों और महामंडलेश्वरों ने माघी पूर्णिमा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि त्रिवेणी संगम में पवित्र स्नान से जीवन में सकारात्मकता आती है और आध्यात्मिक शुद्धि होती है। सुबह होते-होते संगम तट पर श्रद्धा, भक्ति और सनातन परंपराओं का जीवंत दृश्य दिखाई दिया, जिसने पूरे वातावरण को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया।











