28 जनवरी 2026 Fact Recorder
National Desk: पब्लिक सेक्टर बैंकों में हफ्ते में पांच दिन काम लागू करने की मांग को लेकर मंगलवार को देशभर के बैंक कर्मचारी हड़ताल पर रहे। इस राष्ट्रव्यापी हड़ताल के चलते बैंकों का कामकाज पूरी तरह ठप रहा और ग्राहकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा। यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियंस (UFBU) के आह्वान पर हुई इस हड़ताल में AIBEA, AIPNBOF सहित कई बैंक यूनियनों ने हिस्सा लिया।
हड़ताल के दौरान बैंक कर्मचारी हाथों में तख्तियां और पोस्टर लेकर सड़कों पर उतरे, जिन पर ‘We Demand 5 Days Banking’ लिखा था। कर्मचारियों ने मार्च निकालकर नारेबाजी की और सरकार से जल्द मांगें मानने की अपील की।
लगातार चौथे दिन बंद रहे बैंक, बढ़ी परेशानी
बैंकों की हड़ताल ने आम लोगों की मुश्किलें इसलिए और बढ़ा दीं, क्योंकि यह लगातार चौथा दिन था जब बैंक बंद रहे। 24 जनवरी को महीने का चौथा शनिवार होने के कारण बैंक बंद थे, 25 जनवरी को रविवार और 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस की छुट्टी रही। इसके बाद 27 जनवरी को बैंक कर्मचारियों की हड़ताल के चलते बैंक फिर बंद रहे।
बैंक कर्मियों का कहना है कि अभी महीने में केवल दूसरे और चौथे शनिवार को ही छुट्टी मिलती है, जबकि उनकी मांग है कि रविवार के साथ-साथ सभी शनिवार भी अवकाश घोषित किए जाएं और पांच दिवसीय बैंकिंग व्यवस्था लागू हो।
चंडीगढ़ में भी ठप रहा बैंकिंग कार्य
चंडीगढ़ में भी बैंकों में कामकाज पूरी तरह प्रभावित रहा। पंजाब नेशनल बैंक ऑफिसर्स एसोसिएशन (PNBOA) चंडीगढ़ सर्कल के अध्यक्ष जतिंदर कुमार ने बताया कि उनकी एसोसिएशन ने पहले भी 9 और 10 अक्टूबर 2025 को पांच दिन की बैंकिंग की मांग को लेकर हड़ताल की थी। इसी कड़ी में UFBU ने अब देशव्यापी हड़ताल का आह्वान किया।
जतिंदर कुमार ने कहा कि जब राज्य सरकार, केंद्र सरकार, एलआईसी, आरबीआई जैसी संस्थाएं पांच दिन के वर्किंग मॉडल के तहत बेहतर ढंग से काम कर सकती हैं, तो पब्लिक सेक्टर बैंक भी ऐसा क्यों नहीं कर सकते। उन्होंने बताया कि बैंकों में काम का दबाव लगातार बढ़ रहा है और कर्मचारियों के मानसिक व शारीरिक स्वास्थ्य के लिए हफ्ते में दो दिन की छुट्टी बेहद जरूरी है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि इसी मांग को लेकर देशभर में पब्लिक सेक्टर बैंकों की सभी शाखाओं के कर्मचारी हड़ताल पर हैं, जिसके कारण आज बैंकों में कामकाज पूरी तरह ठप रहा।











