चंडीगढ़, 10 दिसंबर 2025 Fact Recorder
Punjab Desk: पंजाब में भ्रष्टाचार के खिलाफ मुख्यमंत्री भगवंत मान की सरकार ने जिस सख्ती और पारदर्शिता के साथ काम किया है, उसने पूरे देश का ध्यान खींचा है। सत्ता में आने के बाद से मान सरकार ने ऐसे कई ठोस और क्रांतिकारी फैसले लिए, जिनका सीधा लाभ आम जनता को मिला और सिस्टम में व्याप्त रिश्वतखोरी पर बड़ा प्रहार हुआ। आंकड़े बताते हैं कि इन सुधारों से न केवल लोगों का भरोसा बढ़ा है, बल्कि सरकारी राजस्व में भी उल्लेखनीय इजाफा हुआ है।
भ्रष्टाचार के खिलाफ सबसे बड़ा कदम एंटी करप्शन हेल्पलाइन 9501200200 रहा, जिसे मुख्यमंत्री ने अपना “पर्सनल व्हाट्सएप नंबर” बताया। इसके जरिए जनता सीधे भ्रष्ट अधिकारियों की शिकायत कर सकती है। हजारों शिकायतों पर कार्रवाई और कई अधिकारियों की गिरफ्तारी ने सिस्टम में डर पैदा किया है।
इसके अलावा ईज़ी रजिस्ट्री पोर्टल, भूमि रिकॉर्ड का पूर्ण डिजिटलीकरण, आप दी सरकार–आप दे द्वार योजना, सीएम विंडो, विजिलेंस ब्यूरो को मजबूती, डोरस्टेप डिलीवरी सर्विस, एंटी रेड टेप एक्ट, ई-टेंडरिंग सिस्टम और नशा तस्करों से मिलीभगत करने वाले अधिकारियों पर सख्ती जैसे कदमों ने प्रशासन को ज्यादा जवाबदेह बनाया है।
इन सुधारों का असर यह है कि जहां पहले बिचौलिए फायदा उठाते थे, वहीं अब वही पैसा सरकारी खजाने में जा रहा है। अगस्त 2024 में संपत्ति पंजीकरण से राजस्व में 26% की बढ़ोतरी इसका साफ उदाहरण है।
जनता और विशेषज्ञ मानते हैं कि मान सरकार की यह नीति पंजाब को भ्रष्टाचार मुक्त और पारदर्शी राज्य बनाने की दिशा में एक मजबूत कदम है। खुद मुख्यमंत्री भगवंत मान का कहना है कि “हम बदले की राजनीति नहीं करते, लेकिन जनता को लूटने वालों को बख्शा भी नहीं जाएगा।”











