US रिपोर्ट: ऑपरेशन सिंदूर के बाद चीन ने राफेल के खिलाफ चलाया दुष्प्रचार अभियान

US रिपोर्ट: ऑपरेशन सिंदूर के बाद चीन ने राफेल के खिलाफ चलाया दुष्प्रचार अभियान

20 नवंबर, 2025 फैक्ट रिकॉर्डर

International Desk: अमेरिकी कांग्रेस की एक वार्षिक रिपोर्ट में बड़ा खुलासा हुआ है। रिपोर्ट के अनुसार, मई 2025 में कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले और उसके बाद भारत-पाकिस्तान के बीच चार दिन चले ऑपरेशन सिंदूर के दौरान चीन ने राफेल लड़ाकू विमानों के खिलाफ दुष्प्रचार अभियान चलाया।

रिपोर्ट बताती है कि चीन ने अपने J-35 लड़ाकू विमानों की बिक्री बढ़ाने के उद्देश्य से सोशल मीडिया पर फर्जी अकाउंट्स, एआई जनरेटेड तस्वीरें और वीडियो गेम विजुअल्स का इस्तेमाल किया, ताकि यह दिखाया जा सके कि फ्रांसीसी राफेल विमानों को चीनी हथियारों ने भारी नुकसान पहुंचाया। इसके चलते इंडोनेशिया ने राफेल की खरीद अस्थायी रूप से रोक दी।

रिपोर्ट की प्रमुख बातें
  • चीन ने संघर्ष के दौरान पाकिस्तान को हथियार और लाइव खुफिया जानकारी प्रदान की।

  • चीनी आधुनिक सैन्य प्रणालियाँ—HQ-9 एयर डिफेंस, PL-15 मिसाइल, J-10 लड़ाकू विमान—पहली बार वास्तविक युद्ध में उपयोग की गईं।

  • जून 2025 में चीन ने पाकिस्तान को 40 J-35 लड़ाकू विमान, KJ-500 विमान और बैलिस्टिक मिसाइल रक्षा प्रणाली बेचने की पेशकश की।

  • संघर्ष के बाद चीन के दूतावासों ने अपने हथियारों की “सफलता” का प्रचार किया और राफेल को बदनाम करने के लिए गलत जानकारी फैलाई।

रिपोर्ट में यह भी चेतावनी दी गई है कि भविष्य में दलाई लामा के उत्तराधिकारी को लेकर चीन और समर्थक समूहों के बीच बड़ा विवाद हो सकता है, जिसमें अमेरिका की भी भूमिका दिखती है।