हाईकोर्ट का बड़ा आदेश: टांडा मेडिकल कॉलेज में 60 नर्सों की भर्ती और 80 नए पदों के विज्ञापन पर रोक

हाईकोर्ट का बड़ा आदेश: टांडा मेडिकल कॉलेज में 60 नर्सों की भर्ती और 80 नए पदों के विज्ञापन पर रोक

14 नवंबर, 2025 फैक्ट रिकॉर्डर

Himachal Desk: हिमाचल प्रदेश हाईकोर्ट ने डॉ. राजेंद्र प्रसाद मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल, टांडा में आउटसोर्स आधार पर नर्सों की भर्ती प्रक्रिया पर रोक लगा दी है। मुख्य न्यायाधीश गुरमीत सिंह संधावालिया और न्यायमूर्ति जिया लाल भारद्वाज की खंडपीठ ने यह आदेश मैसर्ज आरके कंपनी की याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया।

कोर्ट ने निर्देश दिए कि निजी ठेकेदार कंपनी द्वारा अनुमोदित 60 नर्सों को फिलहाल कार्य पर न रखा जाए। साथ ही 31 अक्टूबर को जारी 80 नर्सों की आउटसोर्स भर्ती का विज्ञापन भी स्थगित कर दिया गया है। खंडपीठ ने पाया कि विज्ञापन में यह स्पष्ट नहीं है कि इसे किस कंपनी ने जारी किया था।

सुनवाई के दौरान कोर्ट ने सरकार की अस्थायी भर्तियों पर कड़ी टिप्पणी करते हुए कहा कि स्थायी पदों पर अस्थायी नियुक्तियां कर सरकार खुद विरोधाभास पैदा कर रही है। कोर्ट ने कहा—“सरकार में एक हाथ को पता ही नहीं कि दूसरा क्या कर रहा है।” न्यायालय ने इस पर गंभीर चिंता जताते हुए कहा कि यह साफ नहीं होता कि प्रदेश प्रशासन सरकार चला रही है या पंचायत की तरह काम हो रहा है।

पिछली सुनवाई में कोर्ट ने हिमाचल प्रदेश राज्य इलेक्ट्रॉनिक्स विकास निगम की रिपोर्ट को भी असंतोषजनक बताया था। कोर्ट ने निगम से विस्तृत जानकारी मांगी है—कितने ठेकेदारों ने निविदाएं डालीं, उनका मूल्यांकन कैसे किया गया और सफल बोलीदाता के चयन के लिए क्या मापदंड अपनाए गए।

मामले की अगली सुनवाई तक भर्ती प्रक्रिया पूरी तरह स्थगित रहेगी।