12 नवंबर, 2025 फैक्ट रिकॉर्डर
Politics Desk: लोकसभा चुनावों के एग्जिट पोल आने के बाद सियासी माहौल पूरी तरह गरमा गया है। जहां कांग्रेस और राजद ने एग्जिट पोल के नतीजों को “भ्रामक और मनगढ़ंत” बताया है, वहीं भाजपा ने दावा किया है कि जनता ने फिर से विकास और स्थिरता के पक्ष में वोट दिया है।
विपक्ष ने किया एग्जिट पोल पर पलटवार
कांग्रेस और राजद नेताओं ने कहा कि एग्जिट पोल सिर्फ “जनता का मूड भटकाने का प्रयास” है।
राजद नेता तेजस्वी यादव ने बयान दिया —
“एग्जिट पोल नहीं, असली पोल जनता का होता है। बिहार और देश की जनता ने इस बार रोजगार, महंगाई और सामाजिक न्याय के मुद्दों पर वोट दिया है। नतीजे 4 जून को सब साफ कर देंगे।”
वहीं कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि एग्जिट पोल “भाजपा के समर्थन में चलाया गया प्रोपेगेंडा” है और असली तस्वीर परिणामों के दिन सामने आएगी।
भाजपा का पलटवार — “जनता ने फिर किया विकास पर भरोसा”
भाजपा की ओर से केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव ने कहा —
“एग्जिट पोल देश के मूड को दर्शा रहे हैं। जनता ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में विकास, सुरक्षा और आत्मनिर्भर भारत की नीतियों पर भरोसा जताया है।”
भाजपा नेताओं ने दावा किया कि इस बार पार्टी को पिछली बार से भी बड़ा जनादेश मिलने वाला है।
विश्लेषकों की राय
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि एग्जिट पोल को पूरी तरह नकारा नहीं जा सकता, लेकिन कई बार क्षेत्रीय समीकरण और स्थानीय मुद्दे अंतिम नतीजों को प्रभावित करते हैं।
अब सभी की निगाहें मतगणना के दिन पर टिकी हैं, जब यह साफ होगा कि जनता ने किसके ‘विकास’ और किसके ‘विरोध’ पर मुहर लगाई है।
4 जून को तय होगा कि एग्जिट पोल सच साबित होंगे या विपक्ष की उम्मीदें करेंगी पलटवार!













